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जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स
प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails
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नैनीताल: उत्तराखंड में नशा तस्करी बढ़ती जा रही है। पहले केवल मैदानी इलाकों तक ही नशा तस्करी का धंधा था मगर अब तो यह तस्कर पहाड़ भी चढ़ गए हैं।
पहाड़ी इलाकों में धड़ल्ले से चरस की तस्करी हो रही है। और यह तस्कर ऐसे हैं कि पुलिस से बचने के लिए अलग अलग तरीके अपनाते हैं। नैनीताल में लालकुआं पुलिस ने भी एक चरस तस्कर को गिरफ्तार किया है। आप यह सुनकर आश्चर्य चकित रह जाएंगे कि तस्कर ने टेप के सहारे शरीर पर करीब एक किलो चरस लपेट रखी थी। इस तस्कर का तस्करी का तरीका शातिराना था। रमेश चंद्र पांडे नाम के इस तस्कर ने अपने शरीर पर टेप चिपका रखे थे। टेप के सहारे चरस रखी हुई थी। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के शरीर से भारी मात्रा में चरस निकाली। ये चरस टेप से लपेट कर शरीर में बांध कर रखी गयी थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई करके जेल भेज दिया है।
कोतवाली प्रभारी संजय कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि इन दिनों हल्द्वानी में भी तस्करी के मामले काफी अधिक बढ़ गए हैं और इसी को देखते हुए पुलिस भी चरस तस्करी कर रहे लोगों की तलाश में जुटी हुई है। बताया कि मुखबिर की सूचना पर बुधवार देर रात पुलिस ने दवाई फार्म रोड पटेल नगर पर एक युवक की बाइक रोकी। जब उससे पूछताछ की गई तो युवक घबरा गया। पुलिस ने जब युवक की तलाशी ली तो उसने अपने शरीर में 900 ग्राम चरस को टेप से लपेट रखा था। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसका नाम रमेश चंद्र पांडे है। वो मूल रूप से बागेश्वर पोस्ट बिलोनी का रहने वाला है और वर्तमान में वह हल्द्वानी में रहता है। रमेश ने बताया कि वो क्षेत्र में चरस तस्करी का काम करता है। पूछताछ में रमेश पांडे ने पुलिस को बताया कि वो चरस को बागेश्वर सहित अन्य पहाड़ी इलाकों से लाता था और हल्द्वानी में मोटे पैसों में बेचता था। वह लंबे समय से क्षेत्र में तस्करी करने का काम कर रहा था। आरोपी के पास से एक बाइक भी बरामद की गई है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।