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Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand
Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.
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देहरादून: पर्वतीय इलाकों में गुलदार-हाथी ही नहीं बंदर भी आतंक का सबब बने हुए हैं। बंदरों के हमले की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं।
बीते दिनों देहरादून में बंदरों ने एक बुजुर्ग महिला पर हमला कर दिया था। जिसमें वो गंभीर रूप से घायल हो गईं। महिला के इलाज में करीब पौने दो लाख रुपये खर्च हुए, अब महिला ने इलाज का बिल वन विभाग को भेजा है और भुगतान की मांग की है। महिला का कहना है कि उनके पति की जॉब नहीं है, सिर्फ पेंशन से किसी तरह गुजारा हो रहा है। ऐसे में बंदरों के हमले के कारण हुए उनके खर्च को वन विभाग की ओर से अदा किया जाए। घटना 8 दिसंबर की है। इंदिरानगर में रहने वाली डॉ. विनोद बाला यादव घर के बरामदे में धूप सेंक रही थीं। तभी बंदरों के झुंड ने उन पर हमला कर दिया। आगे पढ़िए
बंदरों से बचने के लिए विनोद बाला भागने लगीं और गिरकर घायल हो गईं। पड़ोसियों और उनके पति ने किसी तरह बंदरों को भगाया। विनोद बाला 81 साल की हैं। घटना के कुछ घंटे बाद उन्होंने महसूस किया कि उनका दायां पैर काम नहीं कर रहा। वो अस्पताल पहुंची तो पता चला कि उनका कूल्हा डिस्लोकेट हो गया है। इस दौरान वह नौ दिन अस्पताल में भर्ती रहीं और इसके बाद भी लंबी दवा चली। इलाज में कुल पौने दो लाख से ज्यादा खर्च हुए। अब महिला ने इलाज का बिल प्रभागीय वनाधिकारी नितीश मणि त्रिपाठी भेजा है, साथ ही उनसे इलाज पर खर्च हुई रकम का भुगतान करने की मांग की है।