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Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand
Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.
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पिथौरागढ़: अगर आपको कोई यह कहे कि शादियों में शराब बंद हो गई है तो शायद आप फिर भी उसे हजम कर लें मगर उत्तराखंड में कुछ गांव ऐसे हैं जहां ये सिलसिला अब खत्म होगा।
पहले उत्तरकाशी से ऐसी खबर आई थी अब पिथौरागढ़ के 5 गांव ऐसे हैं जहां पर शादी में शराब के साथ ही हल्दी के कार्यक्रम में भी प्रतिबंध लगा दिया गया है। जी हां, पिथौरागढ़ के व्यास वैली के 5 गांवों में अब बारातियों और मेहमानों को शराब परोसना आसान नहीं होगा क्योंकी शादियों में शराब के बढ़ते ट्रेंड पर लगाम लगाने को एक प्लान बनाया गया है। अगर कोई शादी में बारातियों को शराब परोसते हुए पकड़ा जाएग तो उसपर भारी जुर्माना लगाने का भी प्लान बनाया गया है। नियम के उल्लंघन पर शराब परसोने वाले परिवार के खिलाफ सख्ती भी की जाएगी।
मगर हैरानी की बात तो यह है साथ ही विवाह में फिजूलखर्ची रोकने को हल्दी कार्यक्रम पर भी प्रतिबंध रहेगा। अब हल्दी पर प्रतिबंध क्यों लगा है यह तो हमारी समझ से भी परे है मगर नाबी मिलन केंद्र में व्यास ऋषि मेला समिति की बैठक में 17 महत्वपूर्ण निर्णयों पर सहमति बनी। बैठक में तय हुआ कि विवाह में शराब परोसने या अन्य नियमों का उल्लंघन करने वाले परिवारों को जुर्माने के तौर पर 55 हजार रुपये भी देने होंगे। साथ ही लड़की के विवाह में उपहार नगद धनराशि भेंट न करने का भी नियम तय किया गया है। बैठक में अंतिम निर्णय के तौर पर 17 नियम तय किए गए हैं। नियम तोड़ने पर 55 हजार का जुर्माना का भी प्रावधा किया गया। आपको बता दें कि उत्तरकाशी के धौंतरी गाजणा क्षेत्र में ग्राम पंचायत सिरी में भी शादी विवाह समारोह में शराब पर प्रतिबंध रहेने का निर्णय जारी किया गया है।