CBSE 10th Result: गरिम्य जोशी बने देहरादून रीजन के टॉपर, प्राप्त किए 498 अंक

सीबीएसई बोर्ड ने 10वीं और 12वीं के नतीजे घोषित कर दिए हैं। उत्तराखंड के रुद्रपुर के गरिम्य जोशी 498 अंक प्राप्त कर 10वीं में देहरादून रीजन टाॅप किया है।
Advertisement हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम

पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।

Example Ads Media
CBSE 10th Result: Garimya Joshi Topped in Dehradun Region and Scored 498 Marks
Image: Garimya Joshi Topped in Dehradun Region and Scored 498 Marks

देहरादून: हाईस्कूल के रीजन टॉपर एमिनीटी पब्लिक स्कूल रुद्रपुर के छात्र गरिम्य जोशी भविष्य में इंजीनियर बनना चाहते हैं, उनके माता-पिता ही शिक्षक हैं। बेटे की उपलब्धि के बाद दोनों ही बहुत खुश हैं।

Garimya Joshi Topped in Dehradun Region and Scored 498 Marks

सीबीएसई की ओर से 10वीं की बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट बीते सोमवार को जारी कर दिया गया है। इसमें देहरादून रीजन से रुद्रपुर के गरिम्य जोशी ने 10वीं में रीजन टाॅप किया है और इन्हें 498 अंक अंक मिले हैं। उनकी इस उपलब्धि से परिजन समेत पूरे स्कूल ने उन्हें बधाई और उनके उज्वल भविष्य की कामना की है। उन्होंने पूरे रीजन में टॉप करके एक नया कीर्तिमान अपने नाम किया है।

माता-पिता दोनों हैं शिक्षक

गरिम्य जोशी रुद्रपुर शहर के सिंह कालोनी निवासी हैं और गरिम्य रुद्रपुर के एमिनीटी पब्लिक स्कूल के छात्र हैं। वे भविष्य में माध्यमिक शिक्षा लेने के बाद इंजीनियर बनना चाहते हैं। उनके पिता ललित मोहन जोशी संजयनगर राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में सहायक अध्यापक एवं मां ज्योति जोशी जनता इंटर कालेज में गणित की शिक्षिका हैं। उन्होंने बताया कि दशवीं में आते ही उन्होंने शुरू से ही रोज एक से दो घंटे पढ़ाई करना शुरू किया जिसका परिणाम उन्हें आज मिला है।

तीन विषयों में पूरे अंक किए प्राप्त

उन्होंने बताया कि जैसे जैसे एग्जाम नजदीक आने लगे उन्होंने सात घंटे तक पढ़ने का लक्ष्य बनाया। जिसका परिणाम यह निकला कि उन्हें गणित, सोशल साइंस व हिंदी विषय में 100 में से 100 अंक के रूप में आए वहीं, अंग्रेजी व विज्ञान में सौ में से 99-99 अंक प्राप्त हुए। उन्होंने छात्रों को सन्देश देते हुए कहा कि लक्ष्य अधूरा नहीं रहता, सिर्फ लगन, मेहनत होनी चाहिए। वह इंटरमीडिएट में इससे भी अधिक अंक लाने की कोशिश करेंगे।