Advertisement
No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..
Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.
Example Ads Media
देहरादून: सीबीएसई ने नई शिक्षा नीति के अंतर्गत साल में 10 दिन नो बैग डे मनाने का निर्णय लिया है। इस पहल का उद्देश्य छात्रों को बैग के बोझ से मुक्त कर उन्हें विभिन्न शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करना है।
New Education Policy 2020 के अनुसार सीबीएसई स्कूलों में साल में 10 दिन 'नो बैग डे' मनाने की योजना बनाई गई है। इस संबंध में सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) ने एक नोटिफिकेशन जारी किया है। इस पहल का उद्देश्य छात्रों को 'बैग के बोझ' से राहत प्रदान करना है, ताकि वे कक्षा के बाहर शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक गतिविधियों में अधिक सक्रिय रूप से भाग ले सकें। इन गैर-शैक्षणिक गतिविधियों में छात्रों को प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करने के लिए भी प्रेरित किया जाएगा।
CBSE के देहरादून रीजन में उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के 1,450 से अधिक सरकारी और निजी स्कूल शामिल हैं। सिटी कोऑर्डिनेटर डॉ. दिनेश बड़थ्वाल के अनुसार सीबीएसई ने साल में 10 दिन 'नो बैग डे' की पहल की है, जो छात्रों को न केवल बैग से मुक्त करेगा बल्कि उन्हें तनावमुक्त कर अन्य सामाजिक और शैक्षणिक गतिविधियों से जोड़ेगा। छात्र ऐतिहासिक और पर्यटन स्थलों, ओल्ड एज होम का भ्रमण कर नई जानकारियां प्राप्त करेंगे, जिससे उन्हें किताबों के अलावा व्यावहारिक ज्ञान भी मिलेगा।