उत्तराखंड में अगले दो महीने में चार धाम यात्रा शुरू होने वाली है। उत्तराखंड की आर्थिकी के लिए महत्वपूर्ण चार धाम यात्रा में व्यवस्था बनाने के लिए प्रशासन ने व्यवस्थाएं शुरू कर दी हैं।
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Image: Chardham Yatra 2025 Self declaration form mandatory
देहरादून: चार धाम यात्रा में व्यवस्थाएं बनाए जाने के लिए रजिस्ट्रेशन के साथ अब यात्रियों को डिक्लेरेशन फॉर्म भी देना होगा। डिक्लेरेशन फॉर्म (स्वप्रमाणित) में वाहन में सवार यात्रियों के रहने से लेकर खाने तक की सभी व्यवस्थाओं का ब्यौरा शामिल होगा।
Chardham Yatra 2025: Self declaration form mandatory
हर यात्री के लिए यह फॉर्म जमा करना आवश्यक होगा और जमा न करने की स्थिति में वाहनों को ऑटोमेटेड नंबर प्लेट रिकॉग्निशन कैमरे की मदद से चेक पोस्ट पर रुकवा दिया जाएगा। यह व्यवस्था यातायात निदेशालय की ओर से की जा रही है। निदेशालय का कहना है कि चेक पोस्ट पर रुकवा गए वाहन वापस भेज दिए जाएंगे।
चारधाम यात्रा: सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म आवश्यक
चार धाम यात्रा 2025 के लिए यह एक बड़ा अपडेट है, इस साल यात्रा 30 अप्रैल 2025 से शुरू होने वाली है। पिछले साल की यात्रा में भीड़ को नियंत्रित करने में पूरी तरह नाकाम रही पुलिस और प्रशासन इस बार यात्रा की व्यवस्थाओं में जुट गई है। प्रशासन ने यात्रियों का सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म अनिवार्य कर दिया है।
ANPR कैमरे की निगरानी में होगी चारधाम यात्रा
यातायात निदेशक आईजी अरुण मोहन जोशी ने चार धाम यात्रा 2025 को सुचारू रूप से चलने के लिए कमर कस दी है। आईपीएस अरुण मोहन जोशी ने इस फॉर्म में चार धाम यात्रा में जाने वाले लोगों के रहने खाने और संख्या आदि की पूरी जानकारी आवश्यक रूप से मांगी है। इसे गाड़ी के नंबर के साथ जोड़ा जाएगा जो ऑटोमेटेड नंबर प्लेट रिकॉग्निशन (एएनपीआर) कैमरे पर चेक पोस्ट पर चेक किया जाएगा। यह चेकिंग प्राइवेट या कमर्शियल हर वाहन के साथ की जाएगी। IG अरुण मोहन जोशी ने मीडिया को बताया कि इस बार 30 एएनपीआर कैमरे चार धाम यात्रा मार्ग पर लगाए गए हैं। इन सभी कैमरों की निगरानी यात्रा के दौरान देहरादून कंट्रोल रूम से की जाएगी।