देहरादून में आक्रामक हथिनी तेजी से स्कूटी के पास आया और बच्चे को अपनी सूंड में पकड़कर उठा लिया। उसने बच्चे को जोर से ज़मीन पर पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Elephant killed boy by throwing it on road
देहरादून: थानो रेंज के जंगल के रास्ते से स्कूटी पर गुजर रहे एक परिवार पर हथिनी ने अचानक हमला कर, एक 12 साल के एक मासूम बच्चे की जान ले ली। उत्तराखंड में बढ़ते मानव-वन्यजीव संघर्ष के बीच राजधानी से सटे इस क्षेत्र में हुई यह घटना वन विभाग के लिए गंभीर चिंता का कारण बन गई है।
Elephant killed boy by throwing it on road
जानकारी के अनुसार बीते मंगलवार शाम को जॉलीग्रांट क्षेत्र के कोठारी मोहल्ला निवासी दंपत्ति अपने 12 वर्षीय बेटे के साथ स्कूटी पर सवार होकर थानो रेंज के वन मार्ग से गुजर रहे थे। जैसे ही स्कूटी जंगल के बीचोंबीच पहुँची, अचानक एक हाथी रास्ते में आ गया। प्रत्यक्षदर्शियों और विभागीय अधिकारियों के अनुसार हाथी तेजी से स्कूटी के पास आया और बच्चे को अपनी सूंड में पकड़कर उठा लिया। उसने बच्चे को जोर से ज़मीन पर पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटनास्थल पर मौजूद लोगों में अफरा तफरी मच गई। बच्चे के माता-पिता ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचा ली, लेकिन वे अपने बच्चे को नहीं बचा पाए। हादसे के बाद हथिनी काफी देर तक उसी स्थान पर रही, जिस कारण घायल बच्चे अस्पताल ले जाने में देरी हो गई।
फिलहाल इस रास्ते न करें सफर
घटना की सूचना मिलते ही देहरादून के डीएफओ नीरज शर्मा मौके पर पहुँचे, विभाग की टीमें हथिनी की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं। डीएफओ ने बताया कि शाम के समय जंगल मार्गों से गुजरना अत्यधिक जोखिम भरा होता है। फिलहाल स्थानीय लोगों और वाहन चालकों को थानो रेंज के जंगल मार्ग का उपयोग न करने की कड़ी सलाह दी गई है। स्थानीय लोगों ने बताया कि पिछले कई दिनों से इलाके में एक हथिनी अपने छोटे बच्चे के साथ देखी जा रही थी। विशेषज्ञों के अनुसार, शावक के साथ रहने वाली हथिनी अत्यधिक सतर्क और संवेदनशील होती है। किसी भी हलचल या खतरे की आशंका उसे आक्रामक बना सकती है।
मानव-वन्यजीव संघर्ष के मामले
उत्तराखंड में हाल के महीनों में मानव-वन्यजीव संघर्ष के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि तेजी से घटते वन क्षेत्र, आवाजाही में वृद्धि और जंगलों में बढ़ता मानव हस्तक्षेप ऐसे हादसों को जन्म दे रहा है। वन विभाग ने सुरक्षा के मद्देनज़र क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है और स्थानीय निवासियों से सतर्क रहने की अपील की है। इस दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके में शोक और दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।