चारधाम यात्रा: हेलीकॉप्टर, होटल और खाने का पैकेज निकला फर्जी.. ओडिशा के परिवार के साथ लाखों की ठगी

चारधाम यात्रा पैकेज के नाम पर ओडिशा के 13 सदस्यीय परिवार से 3.33 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। हेलीकॉप्टर, होटल और भोजन की सुविधा का वादा किया गया, लेकिन कोई सेवा नहीं मिली। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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चारधाम यात्रा ठगी: Odisha Family Duped in Char Dham Tour Scam
Image: Odisha Family Duped in Char Dham Tour Scam

चमोली: उत्तराखंड की चारधाम यात्रा के नाम पर श्रद्धालुओं से ठगी का एक बड़ा मामला सामने आया है। ओडिशा के एक 13 सदस्यीय परिवार ने आरोप लगाया है कि ट्रैवल एजेंसी ने हेलीकॉप्टर, होटल और भोजन सहित यात्रा पैकेज का झांसा देकर लाखों रुपये वसूल लिए, लेकिन वादा की गई कोई भी सुविधा उपलब्ध नहीं कराई। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

Odisha Family Duped in Char Dham Tour Scam

पुलिस के अनुसार, ओडिशा के झारसुगुड़ा निवासी सिबानंद प्रधान ने शहर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि परिवार के 13 सदस्यों के लिए ट्रिपलांजा ट्रैवल एजेंसी से चारधाम यात्रा पैकेज बुक कराया था। एजेंसी की प्रतिनिधि रिधिमा वर्मा ने प्रति व्यक्ति 25,500 रुपये के हिसाब से हेलीकॉप्टर यात्रा, होटल में ठहरने और भोजन की सुविधा देने का आश्वासन दिया था।

रास्ते में मांगे गए 30 हजार रुपये नकद

शिकायत के मुताबिक, पूरा परिवार हरिद्वार पहुंचा और होटल ओ प्लाजा में रुका। अगले दिन यात्रा के लिए वाहन मिला। रास्ते में जब परिवार ने हेलीकॉप्टर टिकट के बारे में पूछा तो चालक ने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया और 30 हजार रुपये नकद ले लिए। आगे पढ़िए..

जब परिवार राणाचट्टी स्थित राणा हेरिटेज होटल पहुंचा तो होटल प्रबंधन ने भुगतान की मांग कर दी। परिवार ने बताया कि भुगतान पहले ही ट्रैवल एजेंसी को किया जा चुका है, लेकिन होटल संचालक ने कहा कि एजेंसी से संपर्क नहीं हो पा रहा है।

होटल का किराया भी खुद भरना पड़ा

मजबूरी में श्रद्धालुओं को होटल का 17,500 रुपये और दूसरे होटल का 15,000 रुपये अलग से चुकाना पड़ा। इसके बावजूद पैकेज में शामिल किसी भी सुविधा का लाभ उन्हें नहीं मिला। पीड़ित का आरोप है कि एजेंसी को 2.38 लाख रुपये ऑनलाइन, चालक को 30 हजार रुपये नकद और वाहन से संबंधित 50 हजार रुपये का भुगतान किया गया। कुल मिलाकर परिवार से करीब 3.33 लाख रुपये लिए गए, लेकिन हेलीकॉप्टर, होटल और अन्य सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं।

फोन बंद कर गायब हुई एजेंसी

परिवार का आरोप है कि भुगतान के बाद ट्रैवल एजेंसी ने फोन उठाना भी बंद कर दिया। खुद को ठगा महसूस करने के बाद उन्होंने पुलिस की शरण ली। शहर कोतवाल कुंदन सिंह राणा ने बताया कि पीड़ित की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है।