पहाड़ के सपूत ने बढ़ाया देवभूमि का मान, इंडियन आर्मी को मिला जज एडवोकेट जनरल

पौड़ी के मुकुल रावत सेना में जज एडवोकेट जनरल बने हैं। उन्होंने ऑल इंडिया मेरिट में छठा स्थान हासिल किया।
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उत्तराखंड: mukul rawat become judge advocate general
Image: mukul rawat become judge advocate general

पौड़ी गढ़वाल: पौड़ी के मुकुल रावत ने उत्तराखंड को गौरवान्वित किया है। मुकुल रावत भारतीय सेना में जज एडवोकेट जनरल बने हैं। उन्हें ऑल इंडिया मेरिट में छठा स्थान मिला है। मुकुल रावत ने उत्तरांचल विश्वविद्यालय से एलएलबी की पढ़ाई की है। उनकी इस उपलब्धि पर माता-पिता खुशी से फूले नहीं समा रहे। मुकुल के साथी और टीचर्स भी खुश हैं। सोमवार को उत्तरांचल विश्वविद्यालय के चांसलर जितेंद्र जोशी और लॉ कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजेश बहुगुणा ने मुकुल का स्वागत किया। बता दें कि भारतीय सेना में जज एडवोकेट जनरल भर्ती परीक्षा की मेरिट में देशभर से 13 एडवोकेट जनरल का चयन हुआ है, जिनमें मुकुल रावत भी शामिल हैं। मुकुल रावत पौड़ी के सासों मवालस्यू गांव के रहने वाले हैं, उन्हें मेरिट में छठा स्थान मिला है। मुकुल के पिता बीएस रावत इंडियन एयरफोर्स में वारंट ऑफिसर हैं।

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मुकुल रावत ने परीक्षार्थियों से अपने अनुभव शेयर करने के साथ ही, परीक्षा पास करने के गुर बताए। उन्होंने कहा कि जज एडवोकेट जनरल बनने के लिए नियमित पढ़ाई करना बेहद जरूरी है। इसके साथ ही परीक्षार्थियों को अपनी सोच पॉजिटिव रखनी चाहिए। फिजिकल फिटनेस भी परीक्षा का अहम हिस्सा है। ऐसे में नियमित शारीरिक व्यायाम जरूर करें। सेना की जैग एंट्री परीक्षा के लिए आवेदक की आयु 21 से 27 वर्ष के बीच होनी चाहिए। कम से कम 55 प्रतिशत अंकों के साथ एलएलबी पास होना जरूरी है। इसके अलावा अभ्यर्थी को शारीरिक तौर पर फिट होना चाहिए। आपको बता दें कि उत्तरांचल लॉ कॉलेज से जज एडवोकेट बनने वाले मुकुल रावत तीसरे छात्र हैं। इससे पहले एक छात्र का चयन आर्मी और एक का चयन नेवी में हो चुका है।