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जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स
प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails
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: बीजेपी के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली ने इस बार मोदी कैबिनेट में मंत्री नहीं बनेंगे। उन्होंने अपने फैसले की जानकारी पीएम मोदी को पत्र लिखकर दी है.उन्होंने बताया कि वो नई सरकार में कोई मंत्री पद नहीं संभालेंगे। जेटली ने इस बाबत बकायदा एक चिट्ठी लिखकर प्रधानमंत्री मोदी को भेजी है। खराब स्वास्थ्य के चलते उन्होंने सक्रिय राजनीति से दूर रहने का फैसला किया है। आपको बता दें कि जेटली किडनी संबंधी बीमारी से ग्रसित हैं। इसके लिए पिछले साल मई में उनका किडनी प्रत्यारोपण हुआ था। हैरानी की बात ये है कि किडनी के साथ-साथ जेटली कैंसर से भी जूझ रहे हैं। बताया गया था कि उनके बायें पैर में सॉफ्ट टिशू कैंसर हुआ है। इसकी सर्जरी के लिए अरुण जेटली इसी साल अमेरिका भी गए थे। फिलहाल वो कीमो के दौर से बाहर आने की कोशिश कर रहे हैं। इसलिए उन्होंने ये ऐलान किया है। आगे देखिए उनकी चिट्ठी
आपको बता दें कि बतौर वित्त मंत्री जेटली का गुड्स एंड सर्विस टैक्स (GST) को लागू कराने में अहम योगदान था। इसके अलावा इंस्टेंट ट्रिपल तलाक को बैन करने के लिए लाए गए बिल के पीछे वो भी शामिल थे। जेटली कई सालों तक बीजेपी के प्रवक्ता रहे हैं। 47 साल की उम्र में उन्हें गुजरात से राज्यसभा भेजा गया था।
अटल सरकार में भी जेटली मंत्री रह चुके हैं। 2014 में बीजेपी बंपर वोटों से जीती थी तो जेटली को वित्त मंत्री बनाया गया था। कुछ वक्त के लिए उन्होंने रक्षा और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय का अतिरिक्त कार्यभार भी संभाला था।