उत्तराखंड: तस्करों को पकड़ने गए वनकर्मियों पर फायरिंग..गोली लगने से वनकर्मी की मौत

उत्तराखंड में खैर तस्करों ने एक वनकर्मी की जान ले ली, वनकर्मियों की टीम तस्करों को पकड़ने गई थी।
Advertisement Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of

Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.

Example Ads Media
उत्तराखंड: uttarakhand smugllers firing on jungle workers
Image: uttarakhand smugllers firing on jungle workers

उधमसिंह नगर: उत्तराखंड के जंगल तस्करों के निशाने पर हैं। कोई इनका विरोध करने की हिम्मत करता है, तो ये उसकी जान लेने तक से नहीं झिझकते। इन्हें ना सरकार का डर है, ना प्रशासन का खौफ...ऐसा ही हुआ है ऊधमसिंहनगर के बाजपुर में, जहां वन तस्करों को पकड़ने गई वनकर्मियों की टीम पर वन तस्करों ने गोलियां बरसा दीं। फायरिंग में एक वनकर्मी की मौत हो गई, जबकि एक कर्मचारी गंभीर रूप से घायल है। दूसरे वनकर्मियों ने किसी तरह जंगल में छिपकर अपनी जान बचाई। घटना बरहैनी वन क्षेत्र की है, जहां वनकर्मियों को सूचना मिली थी कि कुछ लोग खैर की तस्करी के लिए जंगल में दाखिल हुए हैं। शुक्रवार को अंधेरा गहराते ही वन कर्मियों की एक टीम तस्करों को पकड़ने के लिए जंगल में दाखिल हुई, पर उन्हें पता नहीं था कि तस्कर हथियारों से लैस होकर आए हैं। जैसे ही वनकर्मी मौके पर पहुंचे, तस्करों ने उन पर फायरिंग कर दी। आगे पढ़िए...

यह भी पढें - देहरादून में कृष्णा और कशिश की मौत बनी रहस्य..रिपोर्ट में सामने आई चौंकाने वाली बात
अचानक हुए इस हमले से वनकर्मियों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। झड़प के दौरान गोली लगने से एक वनकर्मी बहादुर सिंह की मौत हो गई। वो पोपुरी बरहैनी का रहने वाला था। वहीं महेंद्र सिंह नाम का वनकर्मी बुरी तरह घायल है। तस्करों और वनकर्मियों के बीच हुई झड़प की सूचना मिलने पर वन रेंजर रूपनारायण गौतम मौके पर पहुंचे और लहूलुहान बहादुर सिंह को हल्द्वानी के अस्पताल में भर्ती कराया, पर उसकी जान बच नहीं सकी। वनकर्मी महेंद्र सिंह का अस्पताल में इलाज चल रहा है, उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। इस घटना के बाद वन महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। तस्करों को पकड़ने गए वनकर्मियों ने सोचा भी नहीं था कि वन तस्कर मरने-मारने पर उतारू हो जाएंगे। मृतक वनकर्मी के परिजन बिलख रहे हैं। वहीं आरोपियों की धरपकड़ के लिए अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस जगह-जगह छापेमारी कर रही है, ताकि तस्करों को जल्द से जल्द पकड़ा जा सके।