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Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
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हरिद्वार: उत्तराखंड के आईएएस अफसर दीपक रावत (IAS Deepak Rawat) सोशल मीडिया का बेहतर इस्तेमाल करना बखूबी जानते हैं। वो इसके जरिए काम की बातें लोगों तक पहुंचाते हैं। साथ ही कुंभ मेले से जुड़े अपडेट्स भी देते रहते हैं। सोशल मीडिया पर उनका रुतबा किसी स्टार से कम नहीं, हजारों लोग उन्हें फॉलो करते हैं, उनके काम की तारीफ करते हैं। हाल ही में आईएएस दीपक रावत ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया। जिसमें उन्होंने इलेक्ट्रिक साइकिल की खूबियां बताईं। इनका इस्तेमाल हरिद्वार कुंभ में किया जा सकता है। इसके कई फायदे हैं। साइक्लिंग के हेल्थ बेनिफिट्स तो हैं ही, साथ ही इससे पॉल्यूशन कम करने में भी मदद मिलेगी। इलेक्ट्रिक साइकिल का साथ रहा तो आने वाला महाकुंभ, ग्रीन महाकुंभ होगा। ये अपनी तरह की अनोखी पहल होगी। अब आपको बैटरी से चलने वाली इस साइकिल की खूबियां बताते हैं। आगे पढ़िए और वीडियो भी देखिए
ये साइकिलें नेचर फ्रैंडली होने के साथ ही सुपरकूल दिखती हैं। यात्री इसे एक प्वाइंट से लेकर दूसरे प्वाइंट पर छोड़ सकते हैं। एक बार चार्ज करने पर ये 40 किलोमीटर तक चलेगी। साइकिल को ऐप के जरिए किराये पर लिया जा सकता है। पेमेंट भी ऐप से ही होगा। अगर कोई कैश पेमेंट करना चाहे तो काउंटर पर कैश जमा करा सकता है। एक दिन का किराया है 30 रुपये और एक हफ्ते का किराया है 60 रुपये। यात्रियों के लिए अलग-अलग पैकेज की सुविधा है। इसे मोबाइल की तरह चार्ज किया जा सकता है। 1 घंटा 15 मिनट में साइकिल की बैटरी पूरी तरह चार्ज हो जाएगी। बैटरी चार्ज करने में सिर्फ 1 यूनिट बिजली खर्च होती है। फुल चार्ज होने के बाद ये 40 किलोमीटर तक चलेगी। इलेक्ट्रिक साइकिल की खूबियां जानकर कुंभ मेलाधिकारी भी बहुत प्रभावित हुए। उन्होंने कहा कि हम इलेक्ट्रिक साइकिल को कुंभ मेले में प्रमोट करना चाहेंगे। ये यात्रियों के साथ-साथ एन्वॉयरमेंट फ्रेंडली भी हैं। इसीलिए हम इसे प्लान में रखेंगे। चलिए अब आपको इलेक्ट्रिक साइकिल की खूबियों वाला वीडियो दिखाते हैं, जिसे आईएएस दीपक रावत (IAS Deepak Rawat) ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर शेयर किया है।
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