देश में लॉकडाउन हो चुका है और उत्तराखंड के लोग वापस अपने राज्य जाने को बेकरार हैं। इस बीच हम आपके लिए एक एक्सलूसिव खबर लेकर आए हैं...देखिए वीडियो
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आदिशा
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ऋषियों का मार्ग: केदार हिमालय के इन ट्रेक्स पर शोर नहीं, सिर्फ मंत्र सुनाई देते हैं
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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Image: Coronavirus Uttarakhand:Uttarakhandi people stuck in delhi
देहरादून: देशभर में आज से 21 दिन के लिए लॉकडाउन है। कुछ लोग हैं, जो सुरक्षित अपने घरों को पहुंच गए हैं, तो कुछ लोग हैं जो अभी भी अपने घर और अपने कार्यक्षेत्र के बीच मंझधार में फंसे हैं। इस बीच राज्य समीक्षा एक एक्सलूसिव खबर लेकर आपके बीच आया है। दिल्ली के गाजीपुर बॉर्डर पर उत्तराखंड के करीब 200 से ज्यादा लोग फंसे हुए हैं। इनमें सिर्फ पुरुष ही नहीं बल्कि बेटियां भी मौजूद हैं, इसलिए सुरक्षा की चिंता और ज्यादा बढ़ जाती है। इन्हें यहां से लाने-ले जाने वाला कोई नहीं। ये सभी लोग सरकार से गुहार लगा रहे हैं कि इन्हें उत्तराखंड जाने दिया जाए। एक तरफ देश लॉकडाउन और दूसरी तरफ ये लोग। यूं तो सरकार द्वारा सभी से अपील की जा चुकी है कि अगले 21 दिन के लिए अपने घर की लक्ष्मण रेखा न लांघें, लेकिन यहां सवाल 200 जिंदगियों का भी है। अब क्या होगा? क्या इन लोगों का कोई मददगार है? क्या सरकार द्वारा इनके लिए कोई जरूरी कदम उठाया जाएगा? दरअसल जब राज्य समीक्षा की टीम ने यहां फंसे मनवीर सिंह से बात की तो उन्होंने कहा कि केजरीवाल सरकार ने उन्हें एक रैन बसेरे में ठहराया है। यहां हालात बहुत खराब हैं...पीने के लिए पानी नहीं है और खाने की बात बहुत दूर है। उन्होंने कहा कि ऐसे हाल में कोरोना क्या कोई भी बीमरी उन्हें जकड़ लेगी। आगे देखिए वीडियो
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उत्तराखंड की त्रिवेन्द्र सरकार इससे पहले भी प्रवासी उत्तराखंडियों के लिए मुश्किल घड़ी में मददगार साबित हुई है। इस बार भी सरकार की अग्निपरीक्षा है। इस परीक्षा से कैसे पार पाना है, इसका जवाब भी सरकार को जल्द से जल्द ढूंढना है। फिलहाल आप ये वीडियो देखिए