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ये ट्रेक्स गूगल मैप पर भी नहीं मिलेंगे! केदार हिमालय के छुपे हुए रास्ते
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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टिहरी गढ़वाल: उत्तराखंड के लिए लॉकडाउन आर्थिक रूप से तोड़ देने वाला साबित हो रहा है। अब राज्य सरकार ने प्रदेश को इस संकट से उबारने के प्रयास शुरू कर दिए हैं। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के साथ-साथ उद्योगों को सशर्त मंजूरी मिल गई है। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना (Rishikesh karnprayag project ) का काम भी शुरू हो गया है। लॉकडाउन के चलते पिछले एक महीने से सभी परियोजनाओं का काम रुका हुआ था। केंद्र की गाइड लाइन के बाद कई परियोजनों का काम दोबारा शुरू हो गया। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना पर भी काम होने लगा है। मंजूरी मिलने के साथ ही रेल विकास निगम ने देहरादून, टिहरी और पौड़ी जिले में रेल परियोजना का काम शुरू कर दिया है। हालांकि इस वक्त परियोजना में सिर्फ मौजूदा मजदूरों से ही काम लिया जा रहा है। लॉकडाउन खुलने के बाद दूसरे क्षेत्रों से भी मजदूर बुलाए जाएंगे। पीएम मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल 125 किलोमीटर लंबी ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेलवे लाइन 16 पुलों और 17 सुरंगों से होकर गुजरेगी। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग के बीच कुल 12 रेलवे स्टेशन बनाए जाने हैं। इसमें सबसे बड़ा स्टेशन 13 लाइन का योगनगरी ऋषिकेश होगा, जबकि सबसे छोटा तीन लाइन का स्टेशन सौड़ देवप्रयाग में बनाया जाएगा।