गढ़वाल: यहां माता सीता ने ली थी भू समाधि, जमीन खोदने की है अद्भुत परंपरा..देखिये वीडियो

जब भगवान राम ने माँ सीता का त्याग किया था तो माँ सीता ने फलस्वाड़ी गाँव मे भू समाधी (Sita Mata Pauri Garhwal Mansar mela) ली थी। देखिए वीडियो
Advertisement Cheapest Chardham Yatra 2026 Package? The Price Will Shock You!

Planning Chardham in 2026? These 5 Packages Are Getting Booked Fast

Example Ads Media
Pauri Garhwal Mansar mela Sita Mata: Story of Sita Mata Pauri Garhwal Mansar mela
Image: Story of Sita Mata Pauri Garhwal Mansar mela

पौड़ी गढ़वाल: देवभूमि की परंपरा कितनी समृद्ध है कि महाभारत और रामायण काल की कहानियों के अंश भी यहां मिलते हैं। क्या आप जानते हैं कि देवभूमि में एक स्थान ऐसा भी है, जहां माता सीता ने भू समाधि (Sita Mata Pauri Garhwal Mansar mela) ली थी? जी हां पौड़ी गढ़वाल के कोटसाड़ा, फलस्वाड़ी और देवल में ये मान्यता प्रचलित है। माना जाता है कि तबसे यहां मनसार मेले का आयोजन होता आ रहा है। इस बार भी कोट ब्लॉक के फलस्वाड़ी गांव में इस वर्ष आयोजित हो रहे मनसार मेले को भव्य रूप से मनाया जा रहा है जिसको लेकर मंदिर समिति की ओर से सभी तैयारी पूरी कर ली गई है। मंदिर के पुजारी की ओर से बताया गया है कि आज लक्ष्मण मंदिर देवल से देव निशान फलस्वाड़ी गांव के लिए गए साथ ही कोटसाड़ा गांव से ग्रामीण बबले (घास) की रस्सी व दूण-कंडी (मिठाई की टोकरी) लेकर पहुंचे। जिसके बाद कोटसाड़ा व देवल के ग्रामीण फलस्वाड़ी गांव में पहुंचकर माता सीता की आराधना कर रहे है। आगे देखिए वीडियो

यह भी पढ़ें - जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण ने गाया जागर, मंत्री हरक सिंह रावत पर आया देवता..देखिए वीडियो
क्षेत्रीय ग्रामीण संजय बलूनी ने बताया कि सीतोंस्यू क्षेत्र की धार्मिक रूप से बहुत ही महत्वता है बताया कि जब भगवान राम ने माँ सीता का त्याग किया था तो माँ सीता ने फलस्वाड़ी गाँव मे भू समाधी ली थी। उनका मानना है कि इस जगह पर जमीन की खुदाई करने पर उनके केश जैसे निकलते हैं। दीपावली के 11 दिन बाद यहां हर साल मेला होता है। पुरातत्वविद् डॉक्टर यशवंत सिंह कठोच के अनुसार, माना जाता है कि फलस्वाड़ी गांव में ही सीता माता ने भू-समाधि ली थी। जनश्रुतियों के अनुसार यहां पर सीता माता का मंदिर भी था और बाद में वह भी धरती में समा गया था। हर वर्ष यहाँ पर मनसार मेले (Sita Mata Pauri Garhwal Mansar mela) का आयोजन किया जाता है जिसमें दूर दूर से लोग आर्शीवाद लेने पहुंचते है।

  • Youtube सब्सक्राइब करें: