Advertisement
Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
Example Ads Media
नैनीताल: प्यार का भूत जब सिर पर चढ़ जाता है तो कुछ भी सही गलत करने का फैसला इंसान नहीं ले पाता। प्यार में इंसान कई बार इस कदर पागल हो जाता है कि उसके सोचने और समझने की शक्ति भी खत्म हो जाती है, फिर चाहे वो जिंदगी ही क्यों न खत्म करनी हो। मगर सोचने वाली बात यह है कि युवाओं को आत्महत्या के अलावा और कुछ क्यों नहीं सूझ रहा है। अगर दोनों के प्यार को समाज एक्सेप्ट नहीं कर पाता है तो क्या जान देना इसका एकमात्र समाधान है? क्यों युवा प्रेम में मिली असफलता के बाद अपनी जान को खत्म करने पर तुले हुए हैं। क्या मात्र आत्महत्या करने से उनकी समस्या का समाधान हो जाएगा? क्या इससे आने वाली पीढ़ी को गलत संदेश नहीं जाता है? अगर प्रेमियों का आत्महत्या करने का यह सिलसिला कम नहीं हुआ तो इससे आने वाले पीढ़ी को गलत संदेश जाएगा। उनको भी यही लगने लगेगा कि प्यार में मिली असफलता के बाद केवल जीवन खत्म करना ही एकमात्र समाधान है और वे भी फिर इसी राह पर चलकर बिना संघर्ष किए जान दे देंगे। यह ताज्जुब की बात है कि कैसे आजकल के युवा हिम्मत हार कर बिना अपने प्रेम के लिए संघर्ष किए जान दे रहे हैं। मगर एक समाज के तौर पर यह हमारी भी गलती है कि हम उनके प्यार को अपनाने की बजाय दुत्कार देते हैं जिस वजह से मजबूरी में उनको यह कदम उठाना पड़ता है।
उत्तराखंड के नैनीताल में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला। काठगोदाम थाना क्षेत्र में लगे स्युडा गांव में प्रेम प्रसंग के चलते युवक और युवती ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। दोनों एक दूसरे से बेहद प्यार करते थे मगर युवती की शादी कहीं और तय हो गई थी जिससे प्रेमी युगल ने आहत होकर यह आत्मघाती कदम उठाया है। दोनों ने मरने से पहले एक सुसाइड नोट भी लिखा है जिसमें दोनों ने स्वेच्छा से आत्महत्या करने की बात कही है। आगे पढ़िए
वहीं सूचना पाकर काठगोदाम और राजस्व पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए हल्द्वानी भेज दिया है जिसके बाद पुलिस इस मामले की जांच में जुट गई। बताया जा रहा है कि नैनीताल तहसील क्षेत्र के स्युडा गांव का रहने वाला 25 वर्षीय हीरा सिंह गांव में ही सड़क किनारे ढाबा चलाता था और उसका पिछले कई सालों से गांव की एक रहने वाले युवती के साथ में प्रेम प्रसंग चल रहा था। बताया जा रहा है कि दोनों प्रेमी युगल एक दूसरे से बहुत प्यार करते थे। मगर युवती की शादी कहीं और तय हो गई थी जिससे दोनों प्रेमी युगल बेहद आहत थे। अलग होने के डर से उन्होंने साथ में आत्महत्या करने का निर्णय लिया। शनिवार रात दोनों ने ढाबे के अंदर जहर खाकर दोनों ने आत्महत्या कर ली। रविवार की सुबह जब ढाबे का दरवाजा नहीं खुला तो हीरा सिंह के पिता ने दरवाजे को तोड़ा। जब उन्होंने दोनों के शवों को अंदर देखा तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। उन्होंने तुरंत ही पुलिस को और स्थानीय लोगों को हादसे के बारे में सूचित किया। सूचना के बाद मौके पर पहुंची काठगोदाम और राजस्व पुलिस द्वारा दोनों को हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल में ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। वहीं पुलिस ने दोनों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। काठगोदाम थाना प्रभारी प्रमोद पाठक के अनुसार प्रेमी युगल के पास से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है जिसमें उन्होंने स्वेच्छा से आत्महत्या की बात लिखी है। काठगोदाम पुलिस ने सुसाइड नोट को अपने कब्जे में लेकर दोनों मृतकों के परिजनों से पूछताछ करनी शुरू कर दी है।