Advertisement
केदार हिमालय के ऐसे ट्रेक जहां रास्ता खुद आपको चुनता है
बुग्याल, हिमालयी वन और बर्फीली चोटियों का अद्भुत नज़ारा। आध्यात्म, रोमांच और एकांत का अनोखा संगम।
Example Ads Media
हरिद्वार: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को हरिद्वार में उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा उत्तर प्रदेश के नव निर्मित भागीरथी पर्यटक आवास गृह का लोकार्पण किया।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उत्तराखण्ड सरकार को अलकनंदा पर्यटक आवास गृह का हस्तांतरण किया गया। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को अलकनंदा पर्यटक आवास गृह की चाबी सौंपी। उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा 43.27 करोड़ रूपये की लागत के 2964 वर्ग मीटर में बने भागीरथी पर्यटक आवास गृह में 100 कक्ष, बेंक्वेट हॉल एवं 150 चौपहिया वाहनों की पार्किंग की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य बनने के बाद उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखण्ड में संपति विवाद चल रहा था। 2017 में दोनों राज्यों में भाजपा की सरकार बनने के बाद संपति बंटवारे के लिए सकारात्मक पहल हुई। नवम्बर 2021 में संपति बंटवारे से संबधित लगभग सभी मामलों का समाधान किया गया। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज अलकनन्दा पर्यटक आवास गृह उत्तराखण्ड सरकार को मिल गया है और उत्तर प्रदेश का भागीरथी पर्यटक आवास गृह बन चुका है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उत्तराखण्ड को हर क्षेत्र में हर संभव मदद दी जायेगी। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार में भागीरथी पर्यटक आवास गृह के लोकार्पण एवं अलंकनन्दा पर्यटक आवास गृह के उत्तराखण्ड को हस्तांतरित करने पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि नवम्बर 2021 में उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखण्ड के मध्य परिसम्पतियों के बंटवारे को लेकर दोनों मुख्यमंत्रियों के बीच जो बैठक हुई थी, उसमें सभी मामलों का योगी आदित्यनाथ द्वारा समाधान किया गया वह सराहनीय है। उन्होंने एक बड़े भाई का फर्ज निभाया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखण्ड हर क्षेत्र में तेजी से प्रगति कर रहा है। राज्य में सड़क, हवाई एवं रेल कनेक्टिविटी का तेजी से प्रसार हुआ है। केदारनाथ का पुनर्निर्माण कार्य तेजी से हुआ है। बद्रीनाथ को और अधिक भव्य स्वरूप दिया जा रहा है।