उत्तराखंड के लिए चीन बॉर्डर से आई दुखद खबर, गढ़वाल राइफल के जवान की नदी में बहने की सूचना

भारत-चीन बॉर्डर पर लापता उत्तराखंड के दो सैनिकों में से एक की 17 दिनों बाद खबर, अरुणाचल प्रदेश में सेना ने दी नदी में बहने की सूचना
Advertisement ऋषियों का मार्ग: केदार हिमालय के इन ट्रेक्स पर शोर नहीं, सिर्फ मंत्र सुनाई देते हैं

प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

Example Ads Media
garhwal rifle prakash rana china border: Garhwal Rifle Naik Prakash Rana drowned in the river on China border
Image: Garhwal Rifle Naik Prakash Rana drowned in the river on China border

रुद्रप्रयाग: भारत-चीन बॉर्डर पर देहरादून निवासी एक जवान समेत दो जवान लापता हो गए हैं।

Garhwal Rifle Prakash Rana drowned in China border river

एक न्यूज रिपोर्ट के मुताबिक अरुणाचल प्रदेश में तैनात रुद्रप्रयाग के मूल निवासी नायक प्रकाश राणा के नदी में बहने की सूचना मिली है। सेना ने इसकी खबर परिजनों को दे दी है। दरअसल भारत-चीन बॉर्डर पर 17 दिनों से अरुणाचल प्रदेश में चीन सीमा से लापता चल रहे अंबीवाला के सैनिक नायक प्रकाश राणा के नदी के बहने की सूचना मिली है। जबकि, दूसरे सैनिक की अभी तक कोई खबर नहीं है। सेना की ओर से यह जानकारी प्रकाश राणा की पत्नी को दी गई। मगर सैनिक की पत्नी को इस पर विश्वास नहीं हो रहा है। उनका कहना है कि उनको सच्चाई नहीं बताई जा रही है। बता दें कि नायक प्रकाश राणा मूल रूप से रुद्रप्रयाग जिले के उखीमठ ब्लॉक के चिलोना गांव के रहने वाले हैं। अंबीवाला के सैनिक कॉलोनी निवासी नायक प्रकाश राणा 7वीं गढ़वाल राइफल्स में तैनात हैं। उनकी तैनाती अरुणाचल प्रदेश में चीन सीमा से लगी ढोकला पोस्ट पर है। 29 मई को सेना से नायक प्रकाश राणा की पत्नी ममता देवी को सुबह आठ बजे फोन आया कि आपके पति एक दिन पहले लापता हो गए हैं। उनको सिर्फ यह बताया कि उनके साथ एक और सैनिक भी लापता है। आगे पढ़िए

ममता देवी ने बताया कि आठ दिन बाद फिर से उनका सेना से संपर्क हुआ तो उनको यह बताया गया कि उनके पति नदी में बह गए। बताया गया कि उनके पति नदी में बहे हैं, दूसरे सैनिक हरेंद्र उनको बचाने के लिए गए थे और वह भी बह गए। दोनों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन चल रहा है। ममता देवी का कहना है कि उन्हें इस पर विश्वास नहीं हो रहा है। यदि उनके पति 28 मई को बह गए थे और किसी सैनिक ने बहते हुए देखा है तो उनको दस दिन बाद सूचना क्यों दी गई। वहीं उनको बचाने गए हरेंद्र नेगी का भी अता पता नहीं लग सका है। सातवीं गढ़वाल रायफल्स में तैनात तुलंगा गांव निवासी सैनिक हरेंद्र नेगी के लापता होने की सूचना मिलने के बाद उनके परिजन काफी चिंतित हैं। हालांकि उन्हें उम्मीद है उनका बेटा जल्दी सकुशल घर वापस आ जाएगा। वहीं सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने बताया कि सैनिकों के विषय में सरकार बेहद गंभीर है। मैं स्वय भी उनकी यूनिट, आर्मी हेडक्वार्टर और केंद्र सरकार के साथ लगातार संपर्क में हूं। सभी स्तरों पर संवेदनशीलता के साथ प्रयास जारी हैं। केंद्रीय रक्षा राज्यमंत्री अजय भट्ट ने भी इसपर टिप्पणी करते हुए कहा है कि चीन सीमा पर उत्तराखंड के लापता दोनों सैनिकों की तलाश में सेना का आपरेशन लगातार जारी है। अभी कोई इनपुट नहीं मिला है।