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Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
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टिहरी गढ़वाल: उत्तराखंड पुलिस खुद को जनता का मित्र कहती है, लेकिन पुलिसवाले लोगों संग कैसे मित्रता निभा रहे हैं, ये आप सामने दिख रही तस्वीर में देख सकते हैं।
मामला टिहरी का है। जहां एक दरोगा ने अपने बेटों संग मिलकर दो स्थानीय युवकों को बुरी तरह पीट दिया। इस हमले में दोनों युवक बुरी तरह घायल हो गए। इतना ही नहीं पीड़ित युवक शिकायत करने गया तो पुलिस ने उसे ही चौकी में बंद कर दिया। दरोगा के वकील भाई ने पीड़ितों को जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़ित का नाम अभिषेक शाह है। उसने बताया कि बुधवार को चार लड़के रात 11 बजे शराब पीकर रैश ड्राइविंग कर रहे थे। इस दौरान इन्होंने अभिषेक की बाइक को टक्कर मार दी। अभिषेक शाह टिफिन सर्विस देता है। जब उसने रैश ड्राइविंग कर रहे युवकों को टोका तो लड़कों ने कहा कि उनके पिता दरोगा हैं। आगे पढ़िए
विक्की और आदित्य नाम के लड़कों ने अपने पिता को मौके पर बुला लिया। आरोपियों के पिता दरोगा सुखपाल सिंह चौधरी एसएसपी दफ्तर में तैनात हैं। अभिषेक ने बताया कि इन तीनों ने मिलकर उसके साथ मारपीट की। अभिषेक का दोस्त नीरज मौके पर पहुंचा तो उसे भी पीटा गया। बाद में पीड़ित रिपोर्ट दर्ज कराने चौकी पहुंचा तो उसे रातभर वहां बंद कर के रखा गया। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि दरोगा सुखपाल का भाई रतनपाल वकील है। रतनपाल ने पीड़ितों से कहा कि अगर देहरादून और हरिद्वार में दिखोगे तो मार दिए जाओगे। अब पीड़ित ने मामले की शिकायत थाने में की है। सोशल मीडिया में भी ये मुद्दा जोर-शोर से उठा। जिसके बाद टिहरी पुलिस ने दरोगा सुखपाल, उसके बेटों और वकील रतनपाल के खिलाफ हत्या की कोशिश करने संबंधी धाराओं में केस दर्ज किया है।