उत्तराखंड: बुजुर्ग महिला का पर्स लेकर भागा बंदर, 6 दिन बाद हुआ चमत्कार

बुजुर्ग महिला को पर्स मिलने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन ग्रामीणों की नेकी और ईमानदारी ने उन्हें उनकी खोई हुई अमानत लौटा दी।
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Image: Monkey snatches purse of elderly woman in Uttarakhand

नैनीताल: भई किस्मत हो तो नैनीताल की बुजुर्ग देवकी देवी जैसी। चार दिन पहले देवकी देवी बैंक से पैसे निकालकर गांव लौट रही थी।

Monkey snatches purse of elderly woman in Uttarakhand

थैले में 11 हजार रुपये रखे हुए थे, तभी बंदरों के एक झुंड ने देवकी देवी को घेर लिया। देवकी बेहद डर गईं थीं, वो कुछ समझ पाती, तभी एक बंदर ने उनके हाथ से थैला झपट लिया। थैले में रखे पर्स में देवकी ने बैंक से निकाले हुए 11 हजार रुपये रखे हुए थे। देवकी देवी रोते हुए गांव पहुंची और ग्रामीणों के घटना के बारे में बताया। फिर थैले की खोजबीन शुरू हुई, और आखिरकार कुछ भले लोगों की मदद से देवकी को उनकी अमानत लौटा दी गई। पर्स में रखे 11 हजार रुपये सुरक्षित मिलने पर बुजुर्ग महिला की आंखें छलक आईं। घटना गरमपानी क्षेत्र की है। यहां रामगढ़ ब्लॉक के सिरसा गांव में रहने वाली बुजुर्ग देवकी देवी बीते दिनों सुयालबाड़ी स्थित बैंक से पैसे निकालकर गांव की ओर लौट रही थीं। आगे पढ़िए

तभी बंदरों के झुंड ने उन्हें घेर लिया। ग्रामीण पिछले चार दिन से उनके थैले की खोजबीन कर रहे थे। शनिवार को अल्मोड़ा निवासी सुनील गोस्वामी ने दूरबीन से पहाड़ी का जायजा लिया। उन्हें करीब सौ मीटर ऊपर तीखी पहाड़ी पर थैला नजर आया। स्थानीय बालमुकुंद जीना व रमेश बिष्ट ने पहाड़ी पर चढ़ थैला हासिल किया और वापस बाजार तक पहुंचा आए। बाद में बुजुर्ग महिला को सूचना दी गई। उन्हें गांव से बुलाकर पर्स में रखी धनराशि लौटाई गई। आखिरकार 6 दिन बाद चमत्कार हुआ और महिला का नोटों से भरा बैग जंगल में गिरा मिल गया. जिसमें रुपए सुरक्षित थे, बुजुर्ग महिला यह देख खुश हो गई। अपनी धनराशि को सुरक्षित देख बुजुर्ग महिला की आंखें छलछला गईं। वो पर्स के मिलने की उम्मीद पूरी तरह खो चुकी थीं, लेकिन ग्रामीणों की नेकी और ईमानदारी ने उन्हें उनकी खोई हुई अमानत लौटा दी। बुजुर्ग महिला ने ग्रामीणों का आभार जताया है।