ट्रैफिक प्लान के तहत श्रद्धालुओं को शटल सेवा से कैंची धाम भेजा जाएगा। किसी को भी निजी वाहन ले जाने की अनुमति नहीं होगी।
-
कोमल नेगी
-
Advertisement
Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
Example Ads Media
Image: Traffic plan for Kainchi Dham Uttarakhand
नैनीताल: कुमाऊं के पर्वतीय क्षेत्रों की यात्रा पर निकल रहे लोग ध्यान दें। 15 जून को विश्वप्रसिद्ध कैंची धाम में स्थापना दिवस कार्यक्रम मनाया जाएगा। इसे देखते हुए ट्रैफिक प्लान लागू किया गया है।
Traffic plan for Kainchi Dham Uttarakhand
ट्रैफिक प्लान के तहत श्रद्धालुओं को शटल सेवा से कैंची धाम भेजा जाएगा। अब रूट प्लान के बारे में भी जान लें। नैनीताल से अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ को जाने वाले वाहन भवाली रामगढ़ तिराहे से होते हुए मल्ला रामगढ़, नथुवाखान, क्वारब से भेजे जाएंगे। 14 जून को हल्द्वानी से अल्मोड़ा जाने वाले यात्री वाहन खुटानी मोड़ पदमपुरी, पोखराड़, कश्याखेत, शीतला मोना, ल्वेशाल एवं क्वारब होते हुए रवाना होंगे। इसी तरह अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ से आने वाले वाहन क्वारब पुल से मोना ल्वेशाल, शीतला, पदमपुरी होते हुए खुटानी बैंड से भीमताल की ओर प्रस्थान करेंगे। रानीखेत की ओर से आने वाले वाहन क्वारब होते हुए, ल्वेशाल, खुटानी बैंड से भीमताल की भेजे जाएंगे। कैंची धाम आने वाले श्रद्धालुओं के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं, ये भी बताते हैं।
नैनीताल की ओर से कैंचीधाम आने वाले चार पहिया वाहनों को सेनिटोरियम-रातीघाट रोड पर पार्क कराया जाएगा। यात्रियों को सेनिटोरियम बैरियर से शटल सेवा से कैंची धाम भेजा जाएगा। खैरना से आने वाले वाहनों को पेट्रोल पंप के पास पार्क कराया जाएगा। वहां से श्रद्धालु शटल सेवा के जरिए पनीराम ढाबे तक पहुंचेंगे। भीमताल-नैनीताल की ओर से कैंची जाने वाले दुपहिया वाहन भवाली में रामलीला परिसर एवं पेट्रोल पंप के पास पार्क कराए जाएंगे, वहां से श्रद्धालुओं को शटल से कैंची धाम ले जाया जाएगा। शटल गाड़ियां वन विभाग बैरियर तक ही जाएंगी। वहां से श्रद्धालु कैंची मंदिर तक पैदल ही जाएंगे। एसपी क्राइम व ट्रैफिक जगदीश चंद्र ने कहा कि भवाली से केवल शटल सेवा से ही भक्त कैंची धाम जाएंगे। किसी को भी निजी वाहन ले जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। काठगोदाम से भवाली (नैनी बैंड) मार्ग वन-वे रहेगा। स्थापना दिवस के दौरान भवाली से कैंची धाम तक सड़क किनारे बिना अनुमति भंडारा व जलपान कराना प्रतिबंधित रहेगा।