उत्तराखंड में भारी बारिश मचने लगी तबाही, केदारनाथ यात्रा पर रोक, अलर्ट मोड पर प्रशासन

प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए फिलहाल केदारनाथ धाम की यात्रा पर रोक लगाने का निर्णय लिया है।
Advertisement Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life

Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.

Example Ads Media
Uttarakhand weather report : Uttarakhand weather report 26 June
Image: Uttarakhand weather report 26 June

देहरादून: मानसून की दस्तक के साथ ही उत्तराखंड में आपदा जैसे हालात नजर आने लगे हैं। नदियां उफान पर हैं, जगह-जगह सड़कें बंद हैं।

Uttarakhand weather report 26 June

ऋषिकेश में रीवर राफ्टिंग रोक दी गई है। साथ ही रुद्रप्रयाग में भी केदारनाथ यात्रा पर फिलहाल रोक लगा दी गई है। प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए फिलहाल केदारनाथ धाम की यात्रा पर रोक लगाने का निर्णय लिया है। जो भी यात्री केदारनाथ के लिए निकल चुके हैं, उन्हें सोनप्रयाग में रोका गया है। प्रदेश के दूसरे जिलों की तरह रुद्रप्रयाग जिले में भी भारी बारिश हो रही है। प्रदेश के मैदानी और पहाड़ी दोनों इलाकों में बारिश का दौर जारी है। बारिश से बने हालात को देखते हुए फिलहाल चारधाम यात्रियों से रुकने को कहा जा रहा है। इसी कड़ी में केदारनाथ यात्रा पर भी फिलहाल रोक लगाई गई है। डीएम मयूर दीक्षित ने मीडिया को यह जानकारी दी।

Uttarakhand Weather Alert

शनिवार से उत्तराखंड के जिलों में भारी बारिश हो रही है। अनेक स्थानों पर भूस्खलन के कारण रास्ते बंद हो गए हैं। मैदान में नालों की सफाई न होने के कारण लोगों के घरों में पानी घुसने की समस्या सामने आ रही है। पर्वतीय इलाकों में भूस्खलन के कारण सड़कें टूट रही हैं और पहाड़ों से बड़े-बड़े बोल्डर सड़कों पर गिरने से आवाजाही पर असर पड़ रहा है। इसे देखते हुए केदारनाथ यात्रा अगले आदेश तक रोक दी गई है। रविवार को राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के कंट्रोल रूम में पहुंचे और राज्य में भारी बारिश से बने हालात का जायजा लिया। उन्होंने बाढ़ से हुए नुकसान की जानकारी ली। साथ ही अधिकारियों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए, ताकि मुश्किल हालात में लोगों को जल्द से जल्द मदद मिल सके। नदी किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाने को कहा गया है। राहत कैंपों में लोगों के रहने और खाने की समुचित व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए गए हैं। बंद सड़कों को खोलने के लिए संवेदनशील जगहों पर जेसीबी तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं।