Uttarakhand: सावन के महीने ससुराल में विराजते हैं भोलेनाथ, यहां जलाभिषेक करने से होती है मनोकामना पूरी

आज से सावन के महीने की शुरुआत हो चुकी है, सावन का आज पहला सोमवार है। शिवालयों में जलाभिषेक के लिए भीड़ लगना शुरू हो चुका है, मान्यता है कि सावन के सोमवार में भोलेनाथ की आराधना से जीवन के सभी कष्ट मिट जाते हैं।
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प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

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Worship Lord Shiva during Sawan: Visit Daksheshwar Mahadev Temple to Worship Lord Shiva during Sawan
Image: Visit Daksheshwar Mahadev Temple to Worship Lord Shiva during Sawan

हरिद्वार: आज सावन का पहला सोमवार है, जिसे शिव की भक्ति का सबसे शुभ दिन माना जाता है। मान्यता है कि सोमवार का दिन शिव के लिए विशेष होता है। इस दिन शिव की पूजा और जलाभिषेक करने से उनकी अपार कृपा मिलती है।

Visit Daksheshwar Mahadev Temple to Worship Lord Shiva during Sawan

मान्यता है कि भगवान शिव सावन के महीने में अपनी ससुराल कनखल में रहते हैं और वहीं से सृष्टि का संचालन और लोगों का कल्याण करते हैं। सावन में हरिद्वार के शिव मंदिरों में श्रद्धालु शिव का जलाभिषेक करने के लिए बड़ी संख्या में एकत्रित होते हैं। हरिद्वार के कनखल में सावन में दक्षेश्वर महादेव मंदिर में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगना शुरू हो जाता है। माना जाता है कि सावन के पूरे महीने शिव कैलाश पर्वत से आकर कनखल में रहते हैं, इसलिए इस मंदिर में जलाभिषेक का विशेष महत्व है। कहा जाता है कि सावन के महीने में भगवान शिव का जलाभिषेक करने से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

आज से कांवड़ यात्रा 2024 की शुरुआत

हरिद्वार में आज से कांवड़ यात्रा भी शुरू हो रही है, कांवड़िये बड़ी संख्या में यहाँ पहुँच रहे हैं। हर साल की तरह इस साल भी हजारों शिव भक्त गंगाजल लेने हरिद्वार पहुँच रहे हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी ने शिव भक्तों को कांवड़ यात्रा 2024 में हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन किया कर और सुखद एवं मंगलमय यात्रा कामना की है साथ ही कांवड़ यात्रा के दौरान माँ गंगा की स्वच्छता एवं क़ानून व्यवस्था को बनाए रखने में भी प्रशासन का पूर्ण सहयोग करने की अपील की है।