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हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम
पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।
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हल्द्वानी: उत्तराखंड में अब तक एक हजार से ज्यादा मजारें चिन्हित की जा चुकी हैं, जो वन विभाग या सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जा करके बनाई गई हैं। इनमें से कई मजारों को सरकार द्वारा ध्वस्त भी किया जा चुका है। इस बीच हल्द्वानी में कई अवैध मजारें बनाने के मामला सामने आया है।
पांचजन्य में छपी लेटेस्ट रिपोर्ट्स के अनुसार.. हल्द्वानी के कैंट एरिया के निकट आवास विकास के पीछे विनायक संपत्ति के पास एक मजार स्थापित कर दी गई है। वहीं काठगोदाम रेलवे स्टेशन के पीछे वन भूमि पर अवैध कब्जा कर मजार और एक भव्य इमारत बनाई गई है। इस संबंध में वन विभाग ने नोटिस जारी किया है। कुछ दिन पहले काठगोदाम रेलवे परिसर के पास सड़क चौड़ीकरण को लेकर हिंदू संगठनों ने एक मजार के खिलाफ विरोध दर्ज किया। यह मजार अब तक झाड़ियों में छुपी थी, लेकिन सड़क चौड़ीकरण का काम शुरू होते ही इसके सेवक सामने आ गए और मजार को शिफ्ट करने के बदले भूमि की मांग करने लगे। इस पर हिंदू संगठन विरोध में उतर आए। बाद में प्रशासन के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर मामले को शांत करवाया।