उत्तराखंड: पहाड़ के डिग्री कॉलेजों में बेहतर होगी शिक्षा, 55 प्रोफेसरों की दुर्गम में नियुक्ति

इनमें से 46 असिस्टेंट प्रोफेसरों को राज्य के पर्वतीय और दुर्गम महाविद्यालयों में नियुक्ति मिली है. वहीं 11 असिस्टेंट प्रोफेसरों को हल्द्वानी के उच्च शिक्षा निदेशालय के दुर्गम और पर्वतीय महाविद्यालयों में नियुक्त किया गया है।
Advertisement 90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स

प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

Example Ads Media
Appointment of assistant professors: Appointment of assistant professors in remote colleges
Image: Appointment of assistant professors in remote colleges

देहरादून: उत्तराखंड के पर्वतीय और दुर्गम क्षेत्र के महाविद्यालयों में रिक्त पदों पर असिस्टेंट प्रोफेसरों को नियुक्त किया जाएगा। इन प्रोफेसरों को नियुक्ति से दूरदराज के महाविद्यालयों में स्थायी शिक्षकों की कमी को दूर किया जा सकेगा और छात्रों को उच्च गुणवत्ता की शिक्षा प्राप्त होगी।

Appointment of assistant professors in remote colleges

उच्च शिक्षा विभाग ने राज्य लोक सेवा आयोग द्वारा चयनित 29 हिन्दी विषय के और 26 रसायन विज्ञान के असिस्टेंट प्रोफेसर असिस्टेंट प्रोफेसरों को उनकी पहली नियुक्ति दी है। इनमें से 46 नवनियुक्त असिस्टेंट प्रोफेसरों को राज्य के पर्वतीय और दुर्गम महाविद्यालयों में प्रथम नियुक्ति मिली है. वहीं 11 असिस्टेंट प्रोफेसरों को हल्द्वानी के उच्च शिक्षा निदेशालय के दुर्गम और पर्वतीय क्षेत्रों के महाविद्यालयों में नियुक्त किया गया है।

स्थायी शिक्षकों की कमी

उत्तराखंड के उच्च शिक्षा मंत्री, डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि राजकीय महाविद्यालयों में सभी शिक्षकों की नियुक्ति हमारी प्राथमिकता है, जिससे प्रदेश में उच्च शिक्षा का स्तर और अधिक सुदृढ़ हो सके। इन असिस्टेंट प्रोफेसरों को कुछ समय बाद पर्वतीय महाविद्यालयों में तैनात किया जाएगा जब पद रिक्त होंगे। इन नियुक्तियों से दूरदराज के महाविद्यालयों में स्थायी शिक्षकों की कमी को दूर किया जा सकेगा और छात्रों को बेहतर शिक्षा प्रदान की जा सकेगी।

हिन्दी विषय के प्रोफेसर

असिस्टेंट प्रोफेसर सपना को राजकीय महाविद्यालय पाटी, भागीरथी राणा को मोरी, खेमकरण को तलवाड़ी, ममता को गंगोलीहाट, भारती नौटियाल को थत्यूड, प्रियंका यादव को गुरूड़, सुमन को पीजी कॉलेज जयहरीखाल, हरीश को स्याल्दे, धर्मेन्द्र और जूली को थलीसैंण, चंचल गोस्वामी व चन्द्रावती जोशी को पीजी कॉलेज टिहरी, चन्द्रकांत तिवारी को बलुवाकोट, पूनम मियान को गणाई गंगोली, संजीता देवी को पतलोट, हेमंती को कांडा, नीना शर्मा को कमांद, रीता आर्य व रीतु को मुनस्यारी, प्रीती शाह को चौखुटिया, मीना को देवाल, भारती नौटियाल को लम्बगांव, शिवानी कर्नाटक को पीजी कॉलेज बेरीनाग, पंकज पाण्डेय और कपिल को पीजी कॉलेज कपकोट, नरेश लाल को मानिला, अंकित कुमार सिंह को मजरा महादेव, मनोज कुमार आर्य को नारायण नगर और सूरज कुमार को राजकीय महाविद्यालय नन्दासैण चमोली में प्रथम तैनाती दी गई है।

रसायन विज्ञान के प्रोफ़ेसर

संजय दत्त को पीजी कॉलेज अगस्तमुनि, कुलदीप सिंह को स्याल्दे, देवकी नंदन और पंकज कुमार को पीजी कॉलेज कर्णप्रयाग, गरीश सिंह बिष्ट को उत्तरकाशी, जोगेन्द्र कुमार को गोपेश्वर, वैशाली सिंह को पुरोला, महेश कुमार को मानिला, किरण चौहान को नागनाथ पोखरी, लीलावती नित्वाल को बड़कोट, पिंकी को बलुवाकोट, अंशु टम्टा को अगरोडा धारमंडल, राजेश कुमार और पूजा को बेदीखाली, गीता सैनी को टिहरी तथा नवीन चन्द्र को राजकीय महाविद्यालय चकराता में उनकी पहली तैनाती दी गई है।
असिस्टेंट प्रोफेसर कमल आर्य, नरेन्द्र सिंह, गरीमा टम्टा, गम्भीर सिंह, निधी शर्मा, कुंदन प्रसाद, रीना, प्रवीण कुमार, नीरज कुमार और मोनिका को उच्च शिक्षा निदेशालय हल्द्वानी में नियुक्त किया गया है।