एएचटीयू ऊधमसिंहनगर की टीम द्वारा हरियाणा जाकर एएचटीयू पंचकूला की टास्क फोर्स के सहयोग से गुमशुदा बालक को बरामद कर बाल कल्याण समिति अंबाला के समक्ष प्रस्तुत कर रुद्रपुर लाया गया...
-
राज्य समीक्षा डेस्क
-
Advertisement
Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
Example Ads Media
Image: Child missing for one and half year found in Haryana
उधमसिंह नगर: ऊधमसिंहनगर पुलिस ने अपनी अथक मेहनत और मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए डेढ़ साल से गुमशुदा एक बच्चे को उसके परिवार से मिलाकर एक बार फिर यह साबित कर दिया कि पुलिस केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने वाली संस्था नहीं, बल्कि समाज की संरक्षक भी है। यह कहानी न केवल पुलिस की कार्यकुशलता को दर्शाती है, बल्कि एक बिछड़े हुए परिवार की खुशियों की वापसी की दास्तान भी है।
Child missing for one and half year found in Haryana
लगभग डेढ़ साल पहले रुद्रपुर निवासी एक परिवार का 10 वर्षीय बच्चा अचानक घर के बाहर से लापता हो गया था। माता-पिता ने हरसंभव जगह उसे ढूंढा, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। अंततः उन्होंने स्थानीय पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। बच्चे के लापता होने से परिवार गहरे सदमे में था और हर गुजरता दिन उनके लिए उम्मीदों के टूटने जैसा था। पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की, लेकिन शुरुआती दौर में कोई ठोस जानकारी हाथ नहीं लग पा रही थी।
विशेष टीम का गठन कर की गई थी तलाश
एसएसपी ऊधमसिंहनगर मणिकांत मिश्रा के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने बच्चे की तलाश के लिए युद्धस्तर पर काम शुरू किया। टीम ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, संभावित जगहों पर तलाश की, विभिन्न स्थानों पर बच्चे के फोटो वाले पंपलेट लगाए तथा सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से भी बच्चे की जानकारी प्रसारित की गई।
पुलिस ने राज्य भर के अनाथालयों, बाल सुधार गृहों और रेलवे स्टेशनों पर भी जांच पड़ताल की। गुमशुदा बच्चों के डेटाबेस का बारीकी से अध्ययन किया गया। गुमशुदा की तलाश के दौरान बहेड़ी क्षेत्र में चस्पा पंपलेट पर अंकित मोबाइल नंबोंरो को देखकर एक व्यक्ति ने सूचना दी कि दो लोग, जो खुद को हरियाणा पुलिस से बता रहे थे, किसी 10 साल के गुमशुदा बच्चे को तलाश करने बहेड़ी आए थे। बच्चे की फोटो गुमशुदा से मिलती है।
बाल देखरेख संस्थान में दाखिल था बालक
सूचना के आधार पर बहेड़ी जाकर तलाश करने वाली टीम के संबंध में तलाश की गई। आरपीएफ अंबाला से संपर्क करने पर पता चला कि हिमांशु नाम का एक बच्चा 11 मई 2024 को रेलवे स्टेशन पर घूमता मिला था, जो अपने नाम के अलावा कुछ नहीं बता पा रहा था, बालक को सीडब्ल्यूसी के सुपुर्द किया गया था। सीडब्ल्यूसी अंबाला से संपर्क करने पर पता चला कि बालक वर्तमान में बाल देखरेख संस्थान राधा कृष्ण बाल आश्रम नारायणगढ़ हरियाणा में दाखिल है। तत्पश्चात एएचटीयू की स्पेशल टास्क फोर्स पंचकुला से संपर्क किया गया तथा बताया गया कि उक्त बालक का पूर्ण विवरण वात्सल्य एप पर अपलोड किया गया है जिनके द्वारा वात्सल्य एप पर सर्च करने पर बालक की तस्दीक हुई तत्पश्चात उनके परिजनों का नंबर देकर वीडियो काँल कराकर बालक की तस्दीक गई तथा बुधवार को एएचटीयू ऊधमसिंहनगर की टीम द्वारा हरियाणा जाकर एएचटीयू पंचकूला की टास्क फोर्स के सहयोग से गुमशुदा बालक को बरामद कर बाल कल्याण समिति अंबाला के समक्ष प्रस्तुत कर रुद्रपुर लाया गया नियमानुसार बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रस्तुत कर आवश्यक कार्यवाही की जा रही है।
बच्चे ने बताया कि वह भ्रमवश एक अज्ञात भिक्षुक से डर जाने के कारण किच्छा से ट्रेन में बैठ गया था और वहां से बरेली उतर गया था। वापस आने के चक्कर में पास खड़ी दूसरी ट्रेन में बैठ गया और अंबाला पहुंच गया।