जौनसार बावर के खारसी गांव में एक ही परिवार के 6 भाई-बहनों की शादी एक साथ होने जा रही है। यह आयोजन सादगी, एकता और पारंपरिक जीवनशैली की मिसाल पेश कर रहा है।
-
राज्य समीक्षा डेस्क
-
Advertisement
हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम
पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।
Example Ads Media
Image: Unique Mass Marriage Tradition from Jaunsar Bawar
देहरादून: जौनसार-बावर क्षेत्र अपनी अनोखी संस्कृति और परंपराओं के लिए हमेशा से जाना जाता रहा है। आधुनिकता के इस दौर में भी यहां के लोग अपनी जड़ों से जुड़े हुए हैं। एक बार फिर यह क्षेत्र एक खास वजह से सुर्खियों में है—जहां एक ही परिवार में 6 शादियां एक साथ होने जा रही हैं।
Unique Mass Marriage Tradition from Jaunsar Bawar
खारसी गांव में आगामी 29 अप्रैल को एक ऐसा विवाह समारोह आयोजित होगा, जो अपने आप में बेहद खास है। गांव के निवासी मोहन सिंह और दौलत सिंह के परिवार में 5 बेटे और 1 बेटी की शादी एक ही दिन, एक ही मंडप में संपन्न होगी। यह आयोजन न केवल परिवार की एकता को दर्शाता है, बल्कि समाज के लिए भी एक बड़ा संदेश है। इस अनोखे फैसले के पीछे परिवार की सोच साफ है—साथ रहना, साथ निभाना और साथ ही जीवन के सबसे बड़े फैसले लेना। आज जहां संयुक्त परिवार टूटते जा रहे हैं, वहीं यह उदाहरण समाज को एक नई दिशा देता है।
फिजूलखर्ची से दूर, सादगी का संदेश
आजकल शादियों में दिखावे और खर्च का चलन बढ़ता जा रहा है। लेकिन इस परिवार ने सादगी को अपनाते हुए सामूहिक विवाह का रास्ता चुना है। इससे न केवल खर्च कम होगा, बल्कि समाज में एक सकारात्मक संदेश भी जाएगा कि शादी जैसे पवित्र बंधन को दिखावे से ज्यादा संस्कारों से जोड़ना चाहिए। परिवार द्वारा भेजे जा रहे शादी के कार्ड भी लोगों के बीच चर्चा का विषय बने हुए हैं। यह कार्ड केवल एक निमंत्रण नहीं, बल्कि जौनसार की उस सामूहिक जीवनशैली की झलक है, जो धीरे-धीरे खत्म होती जा रही है।
-
सोशल मीडिया पर छाया आयोजन
Image: Unique Mass Marriage Tradition from Jaunsar Bawar
एक साथ 6 शादियों की खबर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। लोग इस पहल की सराहना कर रहे हैं और इसे भारतीय संस्कृति की खूबसूरती बता रहे हैं। स्थानीय लोग भी इस आयोजन को लेकर बेहद उत्साहित हैं।