Uttarakhand News: उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में दूसरी बेटी होने पर एक पिता ने महिला अस्पताल में हंगामा कर दिया। पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर पुलिस एक्ट में कार्रवाई की। घटना ने समाज की सोच पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Father Creates Ruckus Over Birth of Second Daughter in Hospital
पिथौरागढ़: उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने समाज की सोच पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर जहां आज बेटियां हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं और पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चल रही हैं, वहीं दूसरी ओर दूसरी बेटी होने पर एक पिता ने अस्पताल में हंगामा खड़ा कर दिया।
Father Creates Ruckus Over Birth of Second Daughter in Hospital
जानकारी के अनुसार पिथौरागढ़ के दिग्तोली गांव निवासी एक युवक अपनी पत्नी को प्रसव पीड़ा होने पर अस्पताल लेकर पहुंचा था। सोमवार को महिला ने एक बच्ची को जन्म दिया। जैसे ही युवक को पता चला कि उसके घर दूसरी बेटी पैदा हुई है, वह नाराज हो गया और अस्पताल में हंगामा करने लगा। उसकी हरकतों से अस्पताल का माहौल तनावपूर्ण हो गया। अस्पताल स्टाफ और वहां मौजूद अन्य तीमारदार युवक का व्यवहार देखकर हैरान रह गए। स्थिति बिगड़ती देख अस्पताल प्रशासन ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस महिला अस्पताल पहुंची और युवक को शांत कराया। इसके बाद पुलिस युवक को मेडिकल जांच के लिए जिला अस्पताल ले गई।
मेडिकल में नशे की पुष्टि
मेडिकल जांच के दौरान युवक के नशे में होने की पुष्टि हुई। पुलिस ने उसके खिलाफ 81 पुलिस एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है, लेकिन अस्पताल में हंगामा करने और नशे की हालत में उपद्रव मचाने पर कार्रवाई की गई। आगे पढ़िए..
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है, जब सरकार और समाज लगातार “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” जैसे अभियानों के जरिए लोगों को जागरूक करने में जुटे हैं। इसके बावजूद बेटी पैदा होने पर एक पिता का इस तरह नाराज होना समाज में अब भी मौजूद पुरानी मानसिकता को दर्शाता है।
बेटियां हर क्षेत्र में आगे
तीलू रौतेली पुरस्कार प्राप्त हेमा थलाल ने कहा कि आज बेटा और बेटी में कोई अंतर नहीं है। बेटियां शिक्षा, खेल, प्रशासन, सेना और विज्ञान समेत हर क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं। उन्होंने कहा कि लोगों को अपनी सोच बदलने की जरूरत है और बेटियों को बोझ नहीं, बल्कि परिवार और समाज की ताकत समझना चाहिए।
सीओ पिथौरागढ़ गोविंद बल्लभ जोशी ने बताया कि अस्पताल में युवक द्वारा हंगामा किए जाने की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची थी। युवक के नशे में होने की पुष्टि होने के बाद पुलिस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। फिलहाल मामले में आगे की जांच की जा रही है।