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जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स
प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails
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देहरादून: कहते हैं हिम्मत और ज़ज़्बा हो तो कुछ भी नामुमकिन नहीं है। इस समय जब हमारा देश इतने जानलेवा संक्रमण से जूझ रहा है, उत्तराखंड में भी कोरोनावायरस का खौफ तेजी से लोगों के बीच में बढ़ रहा है। अबतक कुल 32 पॉज़िटिव केस देखने को मिल चुके हैं। सड़कें बिल्कुल खाली पड़ी हुई हैं और बाजारों में भी ताला लगा हुआ है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि उन भूखे, गरीबों और जरूरतमंदों का पेट आखिर कौन भरेगा? रोजमर्रा के कामों से कमाने वाले यह मजदूर क्या कोरोना से पहले भूख से मरेंगे? इसी समस्या को लेकर बहुत से लोगों ने इन जरूरतमंद लोगों को खाना खिलाने की ठानी। ऐसे लोग वाकई समाज के हीरो होते हैं। ऐसे फाइटर्स का होना बहुत जरूरी है ताकि सबके चेहरे पर संतुष्टि रहे। ऐसी ही एक बेटी की कहानी हम सब आपको बताने जा रहे हैं। उत्तराखंड की बेटी शिल्पा भट्ट गरीबों और जरूरतमंदों को खाना खिला रही हैं और आपातकालीन घड़ी में सड़क पर दिन-रात डटे हुए पुलिस वालों को चाय और नाश्ता भी मुहैया करा रही हैं। आगे देखिए तस्वीरें