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Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand
Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.
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रुद्रप्रयाग: शीतकाल की शुरुआत के साथ ही चारधाम की यात्रा के समापन का समय नजदीक आ गया है। दशहरे के दिन धामों के कपाट बंद होने की तिथि तय हुई थी। उसी के अनुसार आज रुद्रप्रयाग में तृतीय केदार भगवान तुंगनाथ के कपाट शीतकाल के लिए बंद कर दिए गए। बुधवार को सुबह 11 बजकर 30 मिनट पर विधि-विधान से पूजा अर्चना के बाद धाम के कपाट बंद किए गए। इस मौके पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। अब बाबा तुंगनाथ के दर्शनों के लिए श्रद्धालुओं को अगले साल तक इंतजार करना होगा। शीतकाल में बाबा तुंगनाथ की शीतकालीन पूजाएं मक्कूमठ की जाएंगी। कपाट बंद करने से पहले बाबा तुंगनाथ के स्वयंभू शिवलिंग की समाधि पूजा संपन्न हुई। उसके बाद कपाट बंद कर दिए गए। धाम के कपाट बंद होने के बाद बाबा तुंगनाथ की उत्सव डोली चोपता के लिए रवाना हो गई। जो कि उत्सव डोली का प्रथम पड़ाव है। 5 नवंबर यानी कल बाबा की डोली भनकुंड के लिए प्रस्थान करेगी। आगे पढ़िए