चमोली: चमोली आपदा अपने पीछे कई सिसकती हुई आवाजों को छोड़कर चली गई है। लोग अपने परिजनों का इंतजार कर रहे हैं और वे उम्मीद कर रहे हैं कि उनके परिजन वापस जरूर आएंगे। किसी ने सच ही कहा है उम्मीद पर ही दुनिया कायम है। उम्मीद के सहारे ही हम सब जी रहे हैं। चमोली में आपदा के बाद कितने ही बेकसूर लापता हो रखे हैं और उनका पता नहीं लग पाया है और उनके परिजन अब भी इसी आस में है कि वे वापस जरूर लौट कर आएंगे। उत्तराखंड के तपोवन में किराए के मकान में रहने वाली शांति देवी भी आपदा के बाद से अपने पति के लौटने का इंतजार कर रही हैं। इंतजार बेहद लंबा होता जा रहा है, दिन बीतते जा रहे हैं लेकिन वे उम्मीद नहीं छोड़ रही हैं। उनका मानना है कि उनके पति वापस जरूर आएंगे। वे उम्मीद कर रही हैं कि उनके पति जिंदा होंगे और जल्द ही उनके पास वापस आएंगे। आपको बता दें कि नंदप्रयाग के निवासी सत्य प्रसाद पुरोहित 7 फरवरी की आपदा के बाद से लापता हो रखे हैं। तब से उनका सुराग नहीं लग पाया है। नंदप्रयाग घाट के रहने वाले सत्य प्रसाद की पत्नी और उनके तीन मासूम बच्चे हैं और वे तपोवन में किराए के मकान में रहते हैं। आगे पढ़िए