उत्तराखंड के पहले डिप्टी सीएम बन सकते हैं पुष्कर सिंह धामी..जानिए उनका राजनीतिक सफर

कुमाऊं के वोटर्स को साधने के लिए खटीमा विधायक पुष्कर सिंह धामी को राज्य का डिप्टी सीएम बनाया जा सकता है। जानिए उनके राजनीतिक सफर के बारे में...
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Pushkar Singh Dhami: Know all about Pushkar Singh Dhami
Image: Know all about Pushkar Singh Dhami

उधमसिंह नगर: उत्तराखंड में पिछले चार दिनों से चल रहे सियासी ड्रामे का मंगलवार को सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत के इस्तीफे के साथ पटाक्षेप हो गया। डॉ. धन सिंह रावत के तौर पर प्रदेश को जल्द ही नया सीएम मिलने वाला है। साथ ही खटीमा विधायक पुष्कर सिंह धामी प्रदेश के पहले डिप्टी सीएम के तौर पर शपथ ले सकते हैं। चलिए आपको खटीमा विधायक पुष्कर सिंह धामी के राजनीतिक सफर के बारे में बताते हैं। पुष्कर सिंह धामी का जन्म पिथौरागढ़ के टुंडी गांव में हुआ। गांव में शुरुआती पढ़ाई करने के बाद उन्होंने लखनऊ यूनिवर्सिटी से उच्च शिक्षा हासिल की। धामी पोस्ट ग्रेजुएट हैं। उनके पास मानव संसाधन प्रबंधन में मास्टर डिग्री है। पुष्कर सिंह धामी कॉलेज के दिनों में ही एबीवीपी से जुड़ गए थे। लखनऊ विश्वविद्यालय में धामी छात्र समस्याओं को उठाने के लिए जाने जाते थे। साल 1990 से 1999 तक वो एबीवीपी में विभिन्न पदों पर रहे।

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छात्र राजनीति के दिनों में वो यूपी में एबीवीपी के प्रदेश महामंत्री भी रहे हैं। पुष्कर सिंह धामी के पिता सेना में थे, इसलिए समाज और देश के लिए कुछ करने की शिक्षा उन्हें परिवार से मिली। तीन बहनों का अकेला भाई होने की वजह से वो पारिवारिक जिम्मेदारियों को भी कुशलता से निभाते रहे। वो दो बार भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष रहे हैं। इस दौरान युवा बेरोजगारों को एकजुट कर उन्होंने साल 2002 से 2008 तक छह सालों तक लगातार पूरे प्रदेश में विशाल रैलियां निकालीं, कई सम्मेलन आयोजित किए। उनकी कोशिशों के चलते ही राज्य के उद्योगों में स्थानीय युवाओं के लिए 70 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था लागू हो पाई। साल 2005 में उन्होंने प्रदेश के युवाओं संग मिलकर विधानसभा के घेराव के लिए ऐतिहासिक रैली निकाली थी, जिसे आज भी याद किया जाता है। अब कुमाऊं के वोटर्स को साधने के लिए उन्हें डिप्टी सीएम पद की जिम्मेदारी दी जा सकती है।