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Triyuginarayan - World’s Most Divine Wedding Destination
Couples are choosing the sacred land of Lord Shiva’s wedding to begin their own love stories.
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चमोली: सावन...बारिश की बूंदें...रिमझिम फुहारें...ये शब्द सिर्फ कविता और किताबों में ही अच्छे लगते हैं। बारिश का सौंदर्य पहाड़ में रहने वालों के लिए किसी भयानक सपने से कम नहीं है। आसमान में बादल गरजते हैं तो डर से दिल बैठने लगता है, सांय-सांय करती नदी की आवाजें अनहोनी की दस्तक देने लगती है। मानसून के दस्तक देने के साथ ही पहाड़ में एक बार फिर तबाही का मंजर नजर आने लगा है। बारिश इस कदर मुसीबत ढा रही है कि लोगों के लिए मांगलिक आयोजन कराना तक मुश्किल हो गया है। अब चमोली में ही देख लें। यहां शुक्रवार को रुद्रप्रयाग से आई बारात को उसी दिन चमोली के गांव पहुंचना था, लेकिन रास्ते में भूस्खलन होने से हाईवे दो जगह बंद हो गया। जिस वजह से बारात शनिवार को भी दुल्हन के गांव नहीं पहुंच सकी। हालात ऐसे बने कि दुल्हन और 10-12 स्वजनों को 19 किलोमीटर पैदल चलकर कर्णप्रयाग आना पड़ा। शनिवार शाम वहीं पर शादी की रस्में संपन्न कराई गईं। जानकारी के मुताबिक नारायणबगड़ के भुल्याड़ा गांव में रहने वाले सुपिया लाल की बेटी कविता की शादी रुद्रप्रयाग के मदनी-चंद्रापुरी गांव में रहने वाले गोकुल लाल के बेटे चंद्रशेखर के साथ तय थी। आगे पढ़िए