उत्तराखंड: एक्सीडेंट का वीडियो बनाने के बजाय घायल को बचाएं, सरकार देगी ईनाम

एक्सीडेंट के शुरुआती एक घंटे के भीतर अगर घायल को अस्पताल लाया जाए तो कई लोगों की जान बचाई जा सकती है। आप भी इस पुण्य कार्य में भागीदार बनें।
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Uttarakhand Government new schemes: Government will help those who help injured people
Image: Government will help those who help injured people

देहरादून: उत्तराखंड हादसों वाला प्रदेश है। यहां हर साल होने वाले सड़क हादसों में सैकड़ों लोग अपनी जान गंवाते हैं। एक्सीडेंट के दौरान लोगों को समय पर मेडिकल सुविधाएं नही मिल पातीं, जिस वजह से कई लोग सड़क पर ही दम तोड़ देते हैं। ऐसा न हो और लोग सड़क हादसों का वीडियो बनाने के बजाय उन्हें समय पर अस्पताल पहुंचाए, इसके लिए केंद्र सरकार ने एक खास योजना शुरू की है। इसके तहत सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल व्यक्ति की सहायता करके आप पुण्य तो कमाएंगे ही, साथ ही साथ सरकार से ईनाम भी मिलेगा। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने सभी राज्यों के लिए शुरुआती ग्रांट के रूप में पांच-पांच लाख रुपये जारी कर दिए हैं। सड़क हादसे में घायलों की मदद करने वालों को गुड स्मार्टियन अवार्ड से नवाजा जाएगा.

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परिवहन उपायुक्त सुधांशु गर्ग ने बताया कि, केंद्र सरकार ने इसकी अधिसूचना जारी कर दी है। राज्य में भी यह तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। परिवहन विभाग ने सड़क हादसे की परिभाषा भी तय की है। इसके अनुसार जिस हादसे की वजह से घायल की मेजर सर्जरी करनी पड़े, कम से कम तीन दिन हॉस्पिटल में एडमिट रहे, ब्रेन इंजरी और रीढ़ की हड्डी में चोट लगी हो। ऐसे लोगों की मदद करने वालों को सरकार ईनाम देगी। परिवहन उपायुक्त सुधांशु गर्ग ने कहा कि एक्सीडेंट के शुरुआती एक घंटे के भीतर अगर घायल को अस्पताल लाया जाए तो कई लोगों की जान बचाई जा सकती है। लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। राज्य में सड़क सुरक्षा को और बेहतर बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।