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90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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हरिद्वार: सिद्धपीठ एवं शक्ति पीठ की भूमि कहे जाने वाले हरिद्वार में मां दुर्गा के अनेक मंदिर हैं। कहा जाता है कि यहां पूजा करने वाले की मुराद मां भगवती हमेशा पूरी करती हैं। इन मंदिरों में से एक यहां का प्रख्यात मां चंडी देवी मंदिर है। देश में मौजूद 52 पीठों में से एक नील पर्वत पर स्थित इस मंदिर में मां दुर्गा दो रूपों में विराजमान हैं। एक रूप में मां चंडी खंभ के रूप में विराजमान हैं। वहीं दूसरे रूप में माता मंगल चंडिका के रूप में पूजी जाती हैं। इस प्राचीन मंदिर में पूरे साल भक्तों का तांता लगा रहता है, लेकिन नवरात्र में पूजा-अर्चना करने का विशेष महत्व है। कहते हैं नवरात्रों के दौरान जो भक्त माता के दरबार में सच्चे मन से प्रार्थना करता है, मां उसकी हर मनोकामना पूरी करती हैं। गंगा से सटे नील पर्वत पर मां चंडी का दरबार आदि काल से है। मां चंडी देवी से मांगी गई मुराद के लिए यहां पर मंदिर में धागा बांधा जाता है।