उत्तराखंड: अब डॉक्टर बनना होगा आसान, बड़े फैसले की तैयारी में सरकार

सरकार एमबीबीएस कोर्स की फीस कम करने को लेकर एक प्रस्ताव कैबिनेट में लाएगी। शुल्क कम होगा तो ज्यादा से ज्यादा छात्र डॉक्टर बन सकेंगे। पहाड़ में सेवाएं दे सकेंगे।
Advertisement Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of

Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.

Example Ads Media
Uttarakhand mbbs fees: Government may reduce fees of mbbs in uttarakhand
Image: Government may reduce fees of mbbs in uttarakhand

देहरादून: पहाड़ी अंचल में डॉक्टरों की बहुत जरूरत है। अस्पताल में डॉक्टरों की कमी के चलते हर साल सैकड़ों-हजारों लोग सड़कों पर तड़प-तड़प कर दम तोड़ देते हैं। वहीं दूसरी तरफ ऐसे भी होनहार हैं जो एमबीबीएस कर के डॉक्टर बनना चाहते हैं, लेकिन पैसे की कमी के चलते ऐसा कर नहीं पा रहे। ऐसे होनहार छात्रों के लिए एक अच्छी खबर है। सरकार एमबीबीएस कोर्स की फीस कम करने को लेकर एक प्रस्ताव कैबिनेट में लाएगी। शुल्क कम होगा तो ज्यादा से ज्यादा छात्र डॉक्टर बन सकेंगे। पहाड़ में सेवाएं दे सकेंगे। मंगलवार को स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने सचिवालय में चिकित्सा शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक ली। जिसमें विभागीय अधिकारियों को राजकीय मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस कोर्स का शुल्क कम करने के लिए अन्य राज्यों का अध्ययन कर आगामी कैबिनेट में प्रस्ताव लाने के निर्देश दिए गए। इस तरह प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस कोर्स की फीस कम करने का प्रस्ताव आगामी कैबिनेट में लाया जायेगा।

यह भी पढ़ें - UP से उत्तराखंड आने के लिए लगेगा ज्यादा किराया, 6 गुना तक बढ़ा मोटर व्हीकल टैक्स
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि इस संबंध में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से वार्ता हो चुकी है। उन्होंने एमबीबीएस छात्रों के शुल्क को अन्य राज्यों के समान रखने पर सहमति दे दी है। जिस पर अंतिम निर्णय राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में लिया जायेगा। उन्होंने महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा सी. रविशंकर को श्रीनगर, देहरादून एवं हल्द्वानी मेडिकल कॉलेजों का भ्रमण कर छात्रावासों में पेयजल एवं भोजन व्यवस्था तथा साफ-सफाई आदि का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। इसके अलावा मेडिकल कॉलेजों में रिक्त असिस्टेंट प्रोफेसरों के पदों का अधियाचन शीघ्र राज्य चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड को भेजा जाएगा। विभागीय मंत्री ने मेडिकल कॉलेजों में प्रोफेसरों की आयु सीमा में संशोधन एवं पर्वतीय जनपदों में स्थित मेडिकल कॉलेजों की फैकल्टी को वहां पर तैनाती के दौरान विशेष भत्ता दिये जाने संबंधी प्रस्ताव भी कैबिनेट में लाने के निर्देश दिए हैं।