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Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
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हल्द्वानी: एक तरफ कोरोना ने कहर बरपाया हुआ है, तो वहीं दूसरी तरफ पहाड़ी क्षेत्रों में रह रहे लोग जंगली जानवरों से परेशान हैं। गुलदार और हाथी जैसे जंगली जानवर जंगल से निकलकर आबादी वाले इलाकों में पहुंच रहे हैं। जिनके हमले में लोग जान गंवा रहे हैं। ताजा मामला नैनीताल के हल्द्वानी का है। जहां गुलदार ने घास काटने गई महिला को मार डाला। महिला का परिवार बेहद गरीब है। वो मवेशी पालकर किसी तरह परिवार की गुजर-बसर कर रही थी, लेकिन बीते दिन सब खत्म हो गया। घटना हल्द्वानी के ब्यूराखाम इलाके की है। जहां गुलदार के हमले में एक महिला की मौत हो गई।
महिला की शिनाख्त 48 वर्षीय नंदी सनवाल पत्नी सतीचंद्र सनवाल के रूप में हुई। गुरुवार की सुबह नंदी सनवाल घर के पास स्थित जंगल में पशुओं के लिए चारा लेने गई थी। तभी घात लगाए गुलदार ने महिला पर हमला कर दिया। वो उसे खींचते हुए जंगल में ले गया। इधर जब सुबह से दोपहर हो गई और महिला घर नहीं पहुंची तो परिजन परेशान हो गए।
स्थानीय लोगों ने जंगल में खोजबीन शुरू की तो वहां महिला की दरांती और चप्पल मिली। थोड़ी दूरी पर नंदी सनवाल का क्षत-विक्षत शव भी मिल गया। घटना का पता चलते ही पूरा गांव जंगल की ओर दौड़ पड़ा। बाद में पुलिस और वन विभाग को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। गुलदार के हमले में जान गंवाने वाली नंदी सनवाल का परिवार बेहद गरीब है। महिला के दो बेटे और एक बेटी है। वो गाय पालकर जीवनयापन कर रही थी। महिला की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों में वन विभाग को लेकर भी नाराजगी है। पूर्व प्रधान नवीन चंद्र पांडेय ने कहा कि काठगोदाम क्षेत्र में पहले भी गुलदार के हमले की घटनाएं हो चुकी हैं, वन विभाग को इस बारे में सूचना भी दी गई थी, लेकिन विभागीय अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। अगर गुलदार को पकड़ने लिए ठोस कदम उठाए गए होते तो शायद नंदी सनवाल की जान बच जाती।