ये हैं उत्तराखंड की 4 हॉन्टेड जगहें, यहां जाने से आज भी डरते हैं लोग

Uttarakhand में खूबसूरत जगहों के साथ ऐसी कई Haunted Places भी हैं, जो आज भी रहस्य बनी हुई हैं। ये जगहें लोगों में रोमांच के साथ खौफ भी पैदा करती हैं।
Advertisement No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..

Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.

Example Ads Media
Uttarakhand most haunted places: 4 haunted places in uttarakhand
Image: 4 haunted places in uttarakhand

देहरादून: देवभूमि के रूप में मशहूर उत्तराखंड में प्रेत-आत्माओं की कहानियों का अपना अलग हिस्सा है। यहां के खूबसूरत पर्वतीय स्थल पर्यटकों को आकर्षित करते हैं, लेकिन इसी के साथ यहां कुछ ऐसी डरावनी जगहें भी हैं, जो आज भी रहस्य बनी हुई हैं और किसी को भी रोमांचित कर सकती हैं। आज हम आपको उत्तराखंड की कुछ ऐसी ही जगहों के बारे में बताएंगे, जहां जाने से लोग डरते हैं।

Pari Tibba Uttarakhand

हॉन्टेड प्लेसेज की लिस्ट में पहला नाम परी टिब्बा का है। रस्किन बॉन्ड की कई किताबों में इस जगह का जिक्र मिलता है। इस जगह को लेकर कई कहानियां फेमस हैं। यहां कि कई कहानियों में से एक है कि यहां पर एक जोड़े पर बिजली गिर गई थी, जिसकी वजह से वह जिंदा जल गए थे। यहां कई बार बिजली गिरती है। कुछ लोग इसे प्राकृतिक मानते हैं, तो कुछ का कहना है कि इसके पीछे अदृश्य शक्तियों का हाथ है। यहां परियों को देखने का दावा भी किया जाता है।

Haunted HouseChampawat Uttarakhand

चंपावत के लोहाघाट में एक हॉन्टेड हाउस है। कहते हैं कि यहां एक अस्पताल हुआ करता था। अस्पताल का डॉक्टर लोगों की मौत की भविष्यवाणी करता था। जिन मरीजों की मौत करीब होती थी उन्हें मुक्ति कोठरी में शिफ्ट कर दिया जाता था। बाद में लोगों को पता चला कि उस कोठरी में डॉक्टर खुद ही मरीजों की हत्या करता है। जिसके बाद से इस जगह को भुतहा घोषित कर दिया गया।

Lambi dehar Mine Uttarakhand

मसूरी के पास स्थित इन खदानों में 1990 के दशक में हजारों मजदूर काम करते थे। कहते हैं कि यहां काम करने वाले मजदूर अचानक बीमार पड़ने लगे थे, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। हजारों की तादाद में मजदूरों के मरने के बाद माइन बंद हो गई और 1500 लोग गांव को छोड़कर चले गए। तब से इस जगह को हॉन्टेड घोषित कर दिया गया। यहां जाने पर आज भी अजीब सी सिहरन महसूस होती है।

Mulinagar Mansion Uttarakhand

कहते हैं यहां कभी कैप्टन यंग रहा करते थे। 1825 में मुलीनगर मैनशन पहला घर था, जो वहां बना था। कोई नहीं जानता कि ये घर अचानक क्यों खाली हो गया और इस घर के मालिक के साथ क्या हुआ। घर को लेकर क्षेत्र में कई तरह की कहानियां सुनने को मिलती हैं। गांव वालों का कहना है कि कैप्टन यंग का भूत आज भी इस घर में रहता है। अगर आपके पास भी उत्तराखंड के किसी हॉन्टेड प्लेस से जुड़ी कोई कहानी हो तो राज्य समीक्षा के साथ जरूर शेयर करें।