Kedarnath Yatra: केदारनाथ दर्शन के लिए नई व्यवस्था लागू, 2 मिनट में पढ़ लीजिए पूरी जानकारी

Kedarnath Yatra नई व्यवस्था के अनुसार प्रति घंटे 1200 तीर्थ यात्रियों को ही बाबा के दर्शन कराए जाएंगे।
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प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

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Kedarnath yatra 2023: New system implemented for Kedarnath Darshan
Image: New system implemented for Kedarnath Darshan

रुद्रप्रयाग: केदारनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया जारी है। इस बार तीर्थ यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए दर्शनों के लिए टोकन सिस्टम लागू किया जा रहा है।

New system implemented for Kedarnath yatra

इसके तहत हर दिन ऑनलाइन बुकिंग कराने वाले 13 हजार तीर्थयात्री ही केदारनाथ दर्शन कर सकेंगे। नई व्यवस्था के अनुसार प्रति घंटे 1200 तीर्थ यात्रियों को ही बाबा के दर्शन कराए जाएंगे। इसके अलावा दो हजार का स्लॉट ऑफलाइन बुकिंग कराने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए रिजर्व रहेगा। स्लॉट सिस्टम टोकन प्वाइंट से हर घंटे 1200 तीर्थ यात्रियों को टोकन दिया जाएगा। ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करने वाले यात्रियों का सोनप्रयाग में क्यूआर कोड मशीन से सत्यापन होगा। इसके बाद ही उन्हें केदारनाथ जाने की अनुमति दी जाएगी। आगे पढ़िए

मंदिर में जाने से पहले यात्रियों को र्स्वगारोहणी कैंप स्थित स्लाट सिस्टम टोकन प्वाइंट पर पहुंचना होगा। यहां हर घंटे 1200 यात्रियों को टोकन दिया जाएगा। इसके बाद स्लाट पर्ची की मंदिर परिसर में लगी क्यूआर कोड स्कैन मशीन में जांच होगी और फिर तीर्थयात्री मंदिर में प्रवेश करेंगे। यात्री को दर्शन के बाद अपनी स्लाट पर्ची ड्रॉप बॉक्स में डालनी होगी। एक बार दर्शन करने के बाद संबंधित यात्री दोबारा मंदिर में प्रवेश नहीं कर सकेगा। बता दें कि पिछले साल तक तीर्थ यात्रियों को दर्शनों के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता था, लाइन में खड़े रहना पड़ता था। इससे व्यवस्था गड़बड़ा जाती थी। इन तमाम दिक्कतों को देखते हुए इस बार टोकन व्यवस्था लागू की गई है। साथ ही पर्यटन मित्रों की तैनाती भी की जाएगी, जो कि तीर्थ यात्रियों को Kedarnath yatra दर्शन से संबंधित सभी जानकारी उपलब्ध कराएंगे।