उत्तराखंड में ऋषिकेश के बाद एडवेंचर स्पोर्ट्स का नया ठिकाना, राफ्टिंग-पैराग्लाइडिंग का लुत्फ उठाइए

टनकनपुर क्षेत्र में दो राफ्टिंग केंद्र स्थापित किए गए है। यहां आप राफ्टिंग के साथ मोटर पैराग्लाइडिंग का भी लुत्फ उठा सकते हैं।
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Rafting Paragliding Champawat: Champawat Tanakpur Rafting Paragliding
Image: Champawat Tanakpur Rafting Paragliding

चम्पावत: रिवर राफ्टिंग का जिक्र होते ही हमारी आंखों के आगे ऋषिकेश की तस्वीर उभर आती है, लेकिन अब आप उत्तराखंड के एक और शहर में रिवर राफ्टिंग का लुत्फ उठा सकते हैं।

Champawat Tanakpur Rafting Paragliding

ऋषिकेश के अलावा चंपावत जिले के टनकपुर में भी रिवर राफ्टिंग शुरू हो गई है। पूर्णागिरि धाम आने वाले पर्यटक यहां शारदा नदी में रिवर राफ्टिंग का लुत्फ उठा रहे हैं। उत्तराखंड के अलावा यूपी और अन्य प्रदेशों से भी पर्यटक यहां पहुंचने लगे हैं। टनकपुर से कुछ आगे बूम व पूर्णागिरि मार्ग के उचौलीगोठ गांव से लगे शारदा नदी के किनारे दो राफ्टिंग केंद्र स्थापित किए गए है। दोनों स्थानों में राफ्टिंग शुरू होने के बाद यहां आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ी है। केवल राफ्टिंग ही नहीं यहां मोटर पैराग्लाइंडिग भी की जा सकती है। पर्यटन विभाग द्वारा एयर स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने के लिए टनकपुर में पॉवर मोटर पैराग्लाइडिंग शुरू की गई है। अब तक करीब 70 से अधिक लोग इसका लुत्फ उठा चुके हैं।

पिछले साल दिसंबर में पूर्णागिरि मार्ग से लगे किरोड़ा नाले के पास डिस्टनी एयर एडवेंचर कंपनी द्वारा पावर पैराग्लाइडिंग का ट्रायल किया गया था। ट्रायल सफल रहा, जिसके बाद यहां पैराग्लाइडिंग शुरू हो गई है। अगर आप सड़क मार्ग से टनकपुर आना चाहते हैं तो दिल्ली, गाजियाबाद, बाबूगढ़, गजरौला, मुरादाबाद, रामपुर, रुद्रपुर, सितारगंज, खटीमा होते हुए टनकपुर पहुंच सकते हैं। दिल्ली से टनकपुर के लिए कई बसें चलती हैं। पंतनगर एयरपोर्ट टनकपुर का सबसे नजदीकी एयरपोर्ट है। रेल सेवा के जरिए भी यहां पहुंचा जा सकता है। बूम राफ्टिंग केंद्र के संचालक मोनी बाबा ने बताया कि इस साल अभी तक 1000 से अधिक पर्यटक राफ्टिंग का लुत्फ उठा चुके हैं। मां पूर्णागिरि धाम की चरण स्थली बूम तक करीब 10 किमी क्षेत्र में पर्यटकों को राफ्टिंग कराई जाती है। रात्रि के समय कैंपिंग करने वालों की संख्या भी अधिक है।