देवभूमि में नवरात्रि के दिन महापाप, मां ने 8 साल की बेटी को बेरहमी से मार डाला

काशीपुर में सौतेली मां ने आठ साल की बच्ची की हत्या कर उसका शव घर के सामने एक खाली मकान में गड्ढा खोदकर दबा दिया। नवमी के दिन से लापता बेटी के पिता ने गुमशुदगी की रिपोर्ट लिखाई जिसके बाद मामला सामने आया।
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Step Mother Inhuman Behaviour: Step Mother Inhuman Behaviour with Daughter
Image: Step Mother Inhuman Behaviour with Daughter

उधमसिंह नगर: यहाँ एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है 17 अप्रैल को 8 साल की मासूम बच्ची को उसकी सौतेली मां से मार डाला और उसके बाद शव को एक मकान में दफना दिया, इस पूरी घटना का खुलासा सीसीटीवी के माध्यम से हुआ।

Step Mother's Inhuman Behaviour with Daughter

काशीपुर से एक ऐसी घटना सामने आ रही है जिसे सुनकर सभी के रोंगटे खड़े हो गए। 17 अप्रैल को जहाँ पूरा देश राम नवमी मना रहा था, वहीं काशीपुर की एक महिला अपनी बेटी के लिए हैवान बन बैठी। आरोप है कि इस महिला ने अपनी सौतेली बेटी का कत्ल कर दिया और उसके बाद शव को ठिकाने भी लगा दिया। लेकिन सीसीटीवी फुटेज ने हत्याकांड का भंडाफोड़ कर दिया। जिसके बाद पुलिस ने उस महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।

चार साल पहले हुई थी दूसरी शादी

काशीपुर के आईटीआई थाना क्षेत्र के खड़कपुर देवीपुरा निवासी बिजली फिटिंग का काम करता है। पांच साल पहले उसकी पहली पत्नी रीना देवी की किसी बीमारी के चलते मौत हो गई। इन दोनों की दो पुत्रियां थी सोनी (8) और तनु (6), माँ की मृत्यु के बाद तनु अपनी बुआ के घर रहने लगी जबकि सोनी इनके साथ रहती थी। फिर एक साल बाद मोनू ने ग्राम फजलपुर, थाना डिलारी जिला मुरादाबाद निवासी लक्ष्मी देवी से दूसरी शादी कर ली। फिर इन दोनों को एक पुत्र और पुत्री हुई। लक्ष्मी अपनी सौतेली पुत्री सोनी के साथ अक्सर मारपीट करती थी।

नवमी के दिन हुई सोनी गायब

जानकारी के मुताबिक मोनू ने बताया कि 16 अप्रैल को वह अपने मामा के घर गल्लाखेड़ा ताजपुर जिला बिजनौर (यूपी) लगन में शामिल होने गया था उसकी माँ संतोषी देवी भी उनके साथ गई थी, जबकि घर में पत्नी लक्ष्मी और चारों बच्चे थे। 17 अप्रैल की शाम 6 बजे मोनू को उसकी पत्नी लक्ष्मी का फोन आया। उसने बताया कि सोनी नवमी पूजन के लिए सहेलियों के साथ गई थी लेकिन अभी तक नहीं आई। इसके बाद मोनू घर आया और खोजबीन की लेकिन सोनी नहीं मिली, इसके बाद उसके आईटीआई थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई।

सीसीटीवी से हुआ खुलासा

पुलिस ने मामले को संज्ञान में लेते हुए बृहस्पतिवार को दोपहर में सीसीटीवी फुटेज खंगाले जिसमें उसकी पत्नी लक्ष्मी दोपहर करीब ढाई बजे बेटी सोनी को सामने वाले घर में ले जाती नजर आई। इसके बाद पुलिस ने मकान में जाकर खोजबीन की तो उन्हें एक जगह गड्ढे में ताजी मिट्टी पड़ी दिखी। पुलिस ने जब गड्ढे की मिट्टी निकाली तो उसमें एक बोरे में सोनी का शव रस्सी से बंधा हुआ था। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा और लक्ष्मी को पकड़ लिया। उसके गले में रस्सी के निशान और शरीर पर जगह-जगह फफोले थे। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव उसके पिता को सौंप दिया।

बेरहमी से हुई हत्या

पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद डॉक्टरों ने बताया कि मासूम सोनी के शरीर पर चोट और गले पर रस्सी के निशान हैं। जिससे ऐसा प्रतीत होता है कि पहले उसे बेरहमी से पीटा हो और फिर गाला दबाकर उसकी हत्या कर दी हो। कोतवाली प्रभारी प्रवीण सिंह कोश्यारी ने बताया कि लक्ष्मी सौतेली बेटी सोनी से द्वेष भावना रखती थी और सोनी उसके बच्चों का हिस्सा मार लेती इसलिए उसने उसकी हत्या कर दी।

महिला के साथ अन्य दो लोग शामिल

समाजसेवी सरोज ठाकुर ने जब लक्ष्मी की तीन वर्षीय बेटी देविका से पूछा की सोनी को कैसे और कहाँ मारा तो उसने बताया कि उसकी बहन सोनी चिल्ला रही थी, मम्मी और दो लोग उसे मार रहे थे और फिर मम्मी ने उसे जान से मार दिया। देविका ने वह कमरा भी दिखाया जिसमें सोनी को मारा-पीटा गया था। उसने बताया की महिला उसे भी बहुत मारती है। इस हादसे से घर के बच्चों के साथ जो बच्चियां कन्या पूजन में सोनी के साथ थीं वह भी डरी-सहमी हैं।