उत्तराखंड: तांत्रिक से मिलाने के बहाने हरिद्वार लाये दोस्त, फिर नदी के बीचों-बीच कर डाली हत्या

हरिद्वार में दिल्ली निवासी अभय शर्मा की हत्या का खुलासा, 24 नवंबर को रवासन नदी किनारे मिला था शव, पुलिस के काफी प्रयास करने के बाद भी मृतक की पहचान नहीं हो पाई थी। अब गिरफ्तार हुए आरोपी..
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Murdered by friends: Trapping in Tantrik Meeting friends murdered lad from Delhi
Image: Trapping in Tantrik Meeting friends murdered lad from Delhi

हरिद्वार: रवासन नदी के किनारे मिले अज्ञात शव का थाना श्यामपुर पुलिस ने खुलासा कर दिया है। एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि बीती 24 नवंबर को थाना श्यामपुर अंतर्गत रवासन नदी किनारे एक युवक का शव बरामद हुआ था। पुलिस के काफी प्रयास करने के बाद भी मृतक की पहचान नहीं हो पाई थी। घटना के खुलासे के पुलिस व सीआईयू टीम का गठन किया गया, लेकिन मृतक की पहचान एक चुनौती बन गया था।

Trapping in Tantrik Meeting, friends murdered lad from Delhi

पुलिस ने लगभग एक हजार मजदूरों और ठेकेदारों का सत्यापन किया। जांच पड़ताल के दौरान घटनास्थल से कुछ दूरी पर स्थित रवासन के कांटे के एक कैमरे के फोकस का छोटा सा एंगल मुख्य हाइवे को कवर करता मिला। देर रात पेड़ों पर पड़ती मद्धिम रोशनी की किरणों के आवाजाही का मैप तैयार कर टीम द्वारा संभावित गाड़ियों का चंडी चौक तक लगभग 20 किमी तक पीछा किया गया। इस दौरान शहर के लगभग 500 से भी ज्यादा कैमरों जांच की गई। तब संभावित संदिग्ध मोटर साइकिलों की गतिविधियों को देख मुखबिर तंत्र तथा टेक्निकल मदद से दोनों को कोतवाली नगर क्षेत्र में स्थित एक होटल तक जाते हुए चिन्हित किया गया।

दिल्ली निवासी था मृतक अभय

पुलिस के लिए यह एक बहुत छोटी सी आशा की किरण थी। सभी प्रयासों के पश्चात आखिरकार मृतक की पहचान अभय शर्मा उर्फ हनी निवासी पश्चिमी दिल्ली के रूप में हुई। पुलिस टीम के दिल्ली में जांच करने पर जानकारी मिली कि मृतक अय्याश किस्म का मौजी व्यक्ति था और हाल फिलहाल फ्लैट बिकने से काफी पैसों का मालिक भी हो गया था। अय्याशी के चलते वह अपनी माता या घर वालों से कोई संबंध नहीं रखता था। वह सट्टा लगाने के साथ साथ दिल्ली क्षेत्र में लड़की सप्लाई करने का काम भी करता था। हनी का पिछले कुछ महीनों से आरोपी पेशे से ड्राइवर नीरज शुक्ला व नागेंद्र से खास दोस्ताना था। तीनों अय्याश होने के चलते लड़कीबाजी तथा सट्टाबाजी का भी शौक रखते थे। मृतक का तांत्रिक विद्या पर विश्वास होने पर वह सट्टे में मोटी रकम जीतने के लालच में कई बार तांत्रिक के पास जा चुका था। उसने नीरज शुक्ला के माध्यम से भी लोगों से लाखों का उधार ले रखा था।

उधारी के पैसे नहीं लौटाये

हनी द्वारा नीरज से उधार लिए पैसे न लौटाने पर कर्जदार लगातार नीरज के पास आकर पैसे वापस मांग रहे थे। इसी बीच हनी ने अपना दिल्ली स्थित फ्लैट बेचा था। इससे उसे लगभग 30 लाख रूपए मिले थे, लेकिन उसने काफी पैसा अय्याशी में उड़ा दिया था। पैसे नहीं लौटाने पर नीरज शुक्ला को लग गया कि उसे लाखों रूपए डूबने वाले हैं।

चुरा लीं सब निजी जानकारियां

इस पर नीरज ने अपने साथ नागेंद्र को लिया और दोनों ने एक प्लानिंग के तहत चुपके से मृतक के मोबाइल नंबर के पासवर्ड, एटीएम का पासवर्ड, बैंक का अकाउंट नंबर आदि जानकारी एकत्र कर ली। खुद की उधारी वापस न मिलने व मृतक के खाते में बची लाखों की धनराशि को हड़पने के लिए आरोपियों ने हनी को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया। प्लान के मुताबिक आरोपी नीरज व नागेंद्र मृतक को तांत्रिक के पास ले जाने के बहाने हरिद्वार ले आए और जब उसे नशा हो गया तो नशे की हालत में दोनों आरोपियों ने मुख्य सड़क से लगभग 200 मीटर अंदर सुनसान इलाके में नदी के बीच में जाने के बाद पीछे से गले में रस्सी लगाकर हनी का गला घोंटकर हत्या कर दी। पहचान मिटाने के लिए मौके पर ही मौजूद पत्थर से मृतक अभय शर्मा उर्फ हनी के चेहरे को बिगाड़ दिया। इसके बाद दोनों आरोपी मृतक के पैसे और मोबाइल निकाल कर उसकी बाइक लेकर चले गए और मृतक के पैसों से अय्याशी शुरू कर दी।

गिरफ्तार हुए आरोपी

पुलिस टीम ने आरोपी नीरज शुक्ला पुत्र त्रिभुवन शुक्ला निवासी विकासपुरी दिल्ली को नहर पटरी सोनाली पुल के पास से दबोचकर उसके कब्जे से मृतक के खाते से निकाले गए 104000 रुपए बरामद किए गए और मृतक के खाते में मौजूद लगभग 800000 फ्रिज करवाए। फरार आरोपी नागेंद्र पुत्र सिंहराज निवासी भुवापुर थाना तिगांव जिला फरीदाबाद की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम को रवाना किया गया है।