नैनीताल: भीमताल झील की सफाई का मामला लगभग 3 दशक से अधर पर लटका हुआ है। नगरवासी एवं पर्यटन व्यवसायी झील की सफाई न होने व उसमें दिखने वाले डेल्टा एवं झील का जलस्तर कम होने से काफी चिंतित हैं।
सामाजिक कार्यकर्ता पूरन चंद्र बृजवासी अब तक कई बार नैनीताल जिला प्रशासन को भीमताल झील की इस मुख्य समस्या से अवगत करा चुके हैं। साथ ही झील के लिए विशेष योजना एवं बजट स्वीकृति की भी मांग कर चुके हैं। उन्होंने अब तक विभाग, जिला प्रशासन राज्य सरकार को अपने पत्रों में बताया है कि झील में हर साल गाद-मिट्टी भरने से झील संकरी हो रही है और झील के पानी की स्टोरेज क्षमता कम हो रही है। झील के जल स्रोत सूख रहे हैं।
विभागीय सर्वे के आंकड़े बताते हैं कि 1985 में झील की गहराई 22 मीटर थी, जबकि वर्तमान में घटकर 17 मीटर ही रह गई है। एक रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2006 में भीमताल झील का पानी भी पीने योग्य नहीं बताया है। झील की पिछली बार सफाई 1998 में हुई थी।