आज राइफलमैन सूरज सिंह नेगी का पार्थिव शरीर कोटद्वार के कौड़िया कैंप पहुंचाया जाएगा। वहां से पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए उनके घर लाया जाएगा। उसके बाद गांव के पैत्रिक घाट पर उनको अंतिम सलामी दी जाएगी।
-
राज्य समीक्षा डेस्क
-
Advertisement
Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
Example Ads Media
Image: Suraj Singh Negi martyred in Jammu and Kashmir
कोटद्वार: जम्मू-कश्मीर से देवभूमि उत्तराखंड के लिए एक बेहद बुरी खबर है। जम्मू-कश्मीर के बारामुला जिले में हुई आतंकवादी मुठभेड़ में कोटद्वार निवासी राइफलमैन सूरज सिंह नेगी शहीद हो गए। आज उनका पार्थिव शरीर उनके पैत्रिक गांव लाया जाएगा।
Suraj Singh Negi martyred in Jammu & Kashmir
सेना के अनुसार, जम्मू-कश्मीर के बारामुला क्षेत्र में आतंकियों के साथ जारी मुठभेड़ के दौरान राइफलमैन सूरज सिंह नेगी वीरता से लड़े और देश की रक्षा करते हुए शहीद हो गए। वह गोरखा रेजिमेंट में तैनात थे। बताया जा रहा है कि उनकी बटालियन जल्द ही रुड़की स्थानांतरित होने वाली थी, लेकिन इससे पहले ही सीमा क्षेत्र में हुई क्रॉस फायरिंग में उन्होंने अपने प्राणों की आहुति दे दी।
2021 में गोरखा रेजिमेंट में हुए थे भर्ती
उत्तराखंड के कोटद्वार निवासी राइफलमैन सूरज सिंह नेगी (आयु 25 वर्ष) पौड़ी गढ़वाल जिले के कोटद्वार के लालपुर गांव के निवासी हैं। सूरज सिंह नेगी 2021 में भारतीय सेना की गोरखा रेजिमेंट में भर्ती हुए थे। वे प्रेम सिंह नेगी के छोटे बेटे और पंकज नेगी के छोटे भाई थे। राइफलमैन सूरज सिंह नेगी सेना के ने देश की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया। उनके शहीद होने की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। परिजनों के अनुसार सूरज सिंह बीते सितंबर महीने में कुछ दिनों की छुट्टी पर घर आए थे। ड्यूटी पर लौटते समय किसी ने नहीं सोचा था कि यह उनकी आखिरी मुलाकात होगी।
आज पैत्रिक गांव पहुंचेगा पार्थिव शरीर
सेना के अधिकारियों के अनुसार, आज राइफलमैन सूरज सिंह नेगी का पार्थिव शरीर कोटद्वार के कौड़िया कैंप पहुंचाया जाएगा। वहां से पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए उनके घर लाया जाएगा। उसके बाद गांव के पैत्रिक घाट पर उनको अंतिम सलामी दी जाएगी। उनके अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में लोग, प्रशासनिक अधिकारी और सेना के जवान शामिल होंगे। पूरे गढ़वाल में वीर सूरज सिंह नेगी की शहादत पर गर्व और गहरा शोक है उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा।