राष्ट्रपति के भ्रमण मार्ग में आने और सुरक्षा घेराबंदी के दायरे में होने के कारण जिला प्रशासन ने देहरादून के 20 स्कूलों में 3 नवंबर को अवकाश घोषित किया है।
-
राज्य समीक्षा डेस्क
-
Image: 20 schools in Dehradun will remain closed on 3 November
देहरादून: देहरादून में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के तीन दिवसीय दौरे को लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। राष्ट्रपति के दौरे के मद्देनज़र जिला प्रशासन ने 3 नवंबर को शहर के कई मार्गों को जीरो ज़ोन (Zero Zone) घोषित किया है। इसके साथ ही प्रशासन ने शहरी क्षेत्र में आने वाले 20 स्कूलों में एक दिन की छुट्टी घोषित करने का आदेश भी जारी किया है।
20 schools in Dehradun will remain closed on 3 November
जानकारी के अनुसार, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज 2 नवंबर (शनिवार) की शाम को अपने तीन दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर देहरादून पहुंचेंगी। इस दौरान वो कई सरकारी कार्यक्रमों और समारोहों में शामिल होंगी। सुरक्षा की दृष्टि से 3 नवंबर (रविवार) को राष्ट्रपति के निर्धारित मार्गों और कार्यक्रम स्थलों पर विशेष बंदोबस्त किए गए हैं। राष्ट्रपति के भ्रमण मार्ग में आने और सुरक्षा घेराबंदी के दायरे में होने के कारण जिला प्रशासन ने राजधानी देहरादून के 20 स्कूलों में 3 नवंबर को अवकाश घोषित किया है।
इन 20 स्कूलों में रहेगा अवकाश
1. ग्रेस अकैडमी, कैंट रोड
2. केंद्रीय विद्यालय, हाथी बड़कला कैंट रोड
3. स्कॉलर होम, राजपुर रोड
4. डीपीएस, राजपुर रोड
5. ब्रुकलिन स्कूल, कर्जन रोड
6. ब्राइटलैंड स्कूल, कर्जन रोड
7. हिल ग्रेस स्कूल
8. मार्शल स्कूल
9. दून इंटरनेशनल स्कूल, लक्ष्मी रोड
10. शेरवुड स्कूल, नेहरू कॉलोनी तिराहा
11. समर वैली स्कूल, तेग बहादुर रोड
12. हेरिटेज स्कूल, एमकेपी रोड
13. कॉन्वेंट स्कूल, राजपुर रोड
14. सेंट जोसेफ स्कूल, राजपुर रोड
15. विवेकानंद स्कूल, जोगीवाला
16. मानव भारती स्कूल, नेहरू कॉलोनी
17. एसजीआरआर स्कूल, करनपुर चौक
18. जसवंत मॉडल स्कूल, राजपुर रोड
19. प्लाईवुड पब्लिक स्कूल
20. डीएवी पब्लिक स्कूल, डिफेंस कॉलोनी
अभिभावकों और स्कूल प्रबंधन से अपील
देहरादून जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इन 20 स्कूलों के अलावा अन्य सभी विद्यालय 3 नवंबर को पूर्व निर्धारित समयानुसार संचालित होंगे। छुट्टी केवल उन्हीं स्कूलों में दी गई है जो राष्ट्रपति के भ्रमण मार्ग या सुरक्षा क्षेत्र में आते हैं। जिला प्रशासन ने अभिभावकों और स्कूल प्रबंधन से अनुरोध किया है कि वे सुरक्षा और यातायात व्यवस्था में सहयोग करें। इसके साथ ही, स्कूलों के आस-पास अनावश्यक भीड़भाड़ न करें।