बिहार राज्य महिला आयोग (BSWC) ने संज्ञान लेते हुए गिरधारी लाल साहू को नोटिस जारी किया और उनके बयान पर स्पष्टीकरण मांगा। आयोग ने कहा कि यह टिप्पणी न केवल महिलाओं का अपमान है, बल्कि बिहार राज्य के सम्मान को भी ठेस पहुंचाने वाली है।
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Image: Girdhari Lal Sahu controversial statement caused political uproar
देहरादून: उत्तराखंड की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू के एक कथित बयान ने बिहार की राजनीति में भूचाल ला दिया है। साहू पर आरोप है कि उन्होंने कहा, “बिहार में 20–25 हजार रुपये में लड़कियां शादी के लिए मिल जाती हैं।” इस बयान को महिलाओं और बिहार दोनों के प्रति अपमानजनक बताया जा रहा है।
Girdhari Lal Sahu's controversial statement caused political uproar
जानकरी के अनुसार गिरधारी लाल साहू द्वारा यह बयान कथित तौर पर 1 जनवरी को उत्तराखंड के अल्मोड़ा में आयोजित एक बीजेपी कार्यक्रम के दौरान दिया गया। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद बिहार में सत्तारूढ़ एनडीए और विपक्ष—दोनों ने तीखी प्रतिक्रिया दी। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए बिहार राज्य महिला आयोग (BSWC) ने स्वतः संज्ञान लेते हुए गिरधारी लाल साहू को नोटिस जारी किया और उनके बयान पर स्पष्टीकरण मांगा। आयोग ने कहा कि यह टिप्पणी न केवल महिलाओं का अपमान है, बल्कि बिहार राज्य के सम्मान को भी ठेस पहुंचाने वाली है।
मां सीता और भारती की धरती है बिहार
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली जनता दल (यूनाइटेड) ने बयान को “महिला विरोधी और शर्मनाक” बताया। वहीं बीजेपी ने भी खुद को साहू के बयान से अलग करते हुए इसे “दुर्भाग्यपूर्ण और असंवेदनशील” करार दिया। बीजेपी राष्ट्रीय प्रवक्ता गुरु प्रकाश पासवान ने कहा कि बिहार मां सीता और भारती की धरती है और इस तरह की टिप्पणी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। मुख्य विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने बयान को “प्रतिगामी” बताते हुए इसे बीजेपी–आरएसएस की “मनुस्मृति आधारित सोच” से जोड़ा। RJD के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुबोध कुमार मेहता ने कहा कि केवल माफी से यह मामला खत्म नहीं हो सकता।
गिरधारी लाल साहू ने मांगी माफ़ी
विवाद बढ़ने पर गिरधारी लाल साहू ने अपने बयान के लिए माफी मांगते हुए कहा कि उन्होंने “सामान्य संदर्भ में” बात कही थी और किसी को ठेस पहुंचाने का इरादा नहीं था। हालांकि, इसके बावजूद महिला आयोग ने नोटिस जारी कर कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई है। इस मामले पर उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री और गिरधारी लाल साहू की पत्नी रेखा आर्या ने अब तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।
बीजेपी का बयान
इस विवाद के साथ ही साहू और आर्या से जुड़े पुराने मामलों की भी चर्चा तेज हो गई है। बीजेपी का कहना है कि गिरधारी लाल साहू पार्टी के सदस्य नहीं हैं। फिलहाल, बिहार की राजनीति में यह मुद्दा गरमाया हुआ है और महिला सम्मान व सामाजिक मर्यादा को लेकर सख्त कार्रवाई की मांग तेज होती जा रही है।