दून टर्मिनस पर 23 फरवरी को शंटिंग के दौरान नंदा देवी एक्सप्रेस का कोच पटरी से उतरने के मामले में रेलवे ने शंटिंग मास्टर के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है। जांच में लापरवाही सामने आने के बाद कार्रवाई की तैयारी।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Chargesheet Filed Against Shunting Master in Nanda Devi Express Derailment Case
देहरादून: दून टर्मिनस स्टेशन पर 23 फरवरी को हुए ट्रेन हादसे के मामले में रेलवे ने बड़ा कदम उठाया है। जांच के बाद आरोपी शंटिंग मास्टर के खिलाफ ऑपरेटिंग विभाग के समक्ष चार्जशीट दाखिल कर दी गई है। रेलवे प्रशासन ने शंटिंग मास्टर को अपना पक्ष रखने के लिए एक महीने का समय दिया है। यदि जांच में लापरवाही साबित होती है तो उसके खिलाफ पदोन्नति और वेतन वृद्धि रोकने जैसी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
Chargesheet Filed Against Shunting Master in Nanda Devi Express Derailment Case
जानकारी के मुताबिक 23 फरवरी की शाम स्टेशन पर शंटिंग की प्रक्रिया के दौरान नंदा देवी एक्सप्रेस का एक कोच पटरी से उतर गया था। ट्रेन को अतिरिक्त कोच को प्लेटफार्म नंबर पांच पर छोड़ने के लिए ले जाया जा रहा था। इसी दौरान लोको पायलट को सही जानकारी नहीं मिलने के कारण ट्रेन आगे बढ़ गई और दीवार से टकरा गई। जांच में यह सामने आया कि शंटिंग मास्टर की ओर से सही सिग्नल नहीं दिया गया था, जिससे यह हादसा हुआ।
25 पेज की संयुक्त जांच रिपोर्ट तैयार
घटना के बाद डीआरएम सहित मंडल के कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीआरएम ने विस्तृत जांच के आदेश दिए थे। इसके बाद रेलवे के ऑपरेटिंग, पीडब्ल्यूआई, लोको और सिग्नल विभाग की टीमों ने संयुक्त जांच की। जांच के बाद 25 से अधिक पन्नों की रिपोर्ट तैयार कर मुरादाबाद मंडल कार्यालय भेजी गई। इस रिपोर्ट में शंटिंग मास्टर की लापरवाही सामने आई, जिसके आधार पर अब चार्जशीट जारी की गई है।
शंटिंग के नियमों में किया गया बड़ा बदलाव
इस घटना के बाद रेलवे ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कई नियमों में बदलाव किए हैं। अब शंटिंग के दौरान ट्रेन की गति आठ किमी प्रति घंटे से घटाकर दो किमी प्रति घंटा कर दी गई है। इसके अलावा स्टेशन पर चेतावनी बोर्ड लगाने के भी निर्देश दिए गए हैं। सिग्नल पास कराने वाले कर्मचारी को ट्रेन के साथ नीचे चलने के लिए भी कहा गया है। इसके साथ ही सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए छह अन्य नियमों में भी बदलाव किए गए हैं।
दोषी पाए जाने पर होगी सख्त कार्रवाई
मुरादाबाद मंडल के वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक आदित्य गुप्ता के अनुसार, ट्रेन बेपटरी होने के मामले में चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है। आरोपी कर्मचारी का पक्ष सुनने के बाद रेलवे नियमों के तहत उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।