देहरादून में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में Pushkar Singh Dhami ने हिस्सा लिया। कथा के दौरान Devkinandan Thakur ने धामों में मदिरा प्रतिबंध की मांग रखी, जिस पर सीएम ने और सख्ती के संकेत दिए।
Advertisement
Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
Example Ads Media
Image: Devkinandan Thakur demands liquor ban in Char Dham
देहरादून: रेंजर्स ग्राउंड में विश्व शांति सेवा चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से 27 मार्च से 2 अप्रैल तक श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया गया। इस धार्मिक कार्यक्रम में प्रसिद्ध कथावाचक Devkinandan Thakur कथा वाचन कर रहे हैं, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।
Devkinandan Thakur demands liquor ban in Char Dham
कथा के समापन से एक दिन पहले मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami भी कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि ऐसे आध्यात्मिक आयोजनों में भाग लेना जीवन का सौभाग्य है और संतों का सानिध्य व्यक्ति को आत्मिक शांति और आध्यात्मिक उन्नति की ओर ले जाता है।
चारधाम में मदिरा पर रोक की मांग
कथा के दौरान Devkinandan Thakur ने मुख्यमंत्री से निवेदन किया कि गंगोत्री और यमुनोत्री सहित चारधाम में मदिरा की बिक्री पर पूरी तरह अंकुश लगाया जाए। उन्होंने कहा कि यदि तीर्थ स्थलों को मांस और मदिरा से मुक्त रखा जाए तो इससे उनके आध्यात्मिक महत्व और “तीर्थत्व” को और मजबूती मिलेगी। इस पर मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने कहा कि चारधाम—बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब—में पहले से ही इस तरह की गतिविधियों पर रोक है। हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस दिशा में और सख्ती की जाएगी, ताकि धर्म और भक्ति के मार्ग में कोई बाधा न आए।
-
चारधाम यात्रा से पहले अहम संदेश
Image: Devkinandan Thakur demands liquor ban
उत्तराखंड में 19 अप्रैल से शुरू होने वाली चारधाम यात्रा से पहले यह बयान काफी अहम माना जा रहा है। सरकार का उद्देश्य तीर्थ स्थलों की पवित्रता बनाए रखना और श्रद्धालुओं को बेहतर धार्मिक अनुभव देना है। इस मौके पर कैबिनेट मंत्री Khajan Das ने कहा कि चारधाम में पहले से ही मांस और मदिरा का सेवन प्रतिबंधित है। यदि कहीं नियमों का उल्लंघन हो रहा है, तो सरकार उस पर सख्त कार्रवाई करेगी।
-
बच्चों को मिले धार्मिक शिक्षा
Image: Devkinandan Thakur in Dehradun
कथा के दौरान Devkinandan Thakur ने लोगों से अपील की कि वे अपने बच्चों को सनातन धर्म की जानकारी और संस्कार जरूर दें, ताकि धार्मिक परंपराएं आगे बढ़ती रहें।