उत्तराखंड: अनियंत्रित होकर गहरी खाई में गिरी टैक्सी, पूर्व सैनिक की मौत ..पांच लोग घायल

पिथौरागढ़ के मुनस्यारी में बड़ा सड़क हादसा, हरकोट बैंड के पास टैक्सी खाई में गिरी। हादसे में पूर्व सैनिक की मौत जबकि 5 लोग घायल हुए। सड़क किनारे सुरक्षा बैरियर न होने पर स्थानीय लोगों ने प्रशासन पर सवाल उठाए।
Advertisement 90% ट्रेकर्स नहीं जानते केदार हिमालय के ये सीक्रेट रूट्स

प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

Example Ads Media
Pithoragarh road accident: Taxi Falls Into deep Gorge in Munsiyari
Image: Taxi Falls Into deep Gorge in Munsiyari

पिथौरागढ़: मुनस्यारी क्षेत्र में शनिवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे के बाद अफरा-तफरी मच गई। इस दुर्घटना में एक पूर्व सैनिक की मौत हो गई, जबकि चालक समेत पांच लोग घायल हो गए। घायलों में दो की हालत गंभीर बताई जा रही है।

Taxi Falls Into Gorge in Munsiyari, Ex-Serviceman Killed, 5 Injured

जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह उत्तराखंड के सीमांत जिले पिथौरागढ़ जिले में एक टैक्सी क्वीटी से मुनस्यारी की ओर जा रही थी। उसी दौरान एक टैक्सी हरकोट बैंड के पास अचानक अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी। इस भीषण हादसे में कैंटीन से सामान लेने के लिए मुनस्यारी जा रहे बला गांव निवासी 70 वर्षीय नेत्र सिंह राणा की मौत हो गई। इस हादसे में बला गांव के प्रताप सिंह, हरीश सिंह, यमुना देवी, ममता और टैक्सी चालक चंचल सिंह कोरंगा घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और प्रशासन मौके पर पहुंचे। नगर पंचायत अध्यक्ष मुनस्यारी राजू पांगती ने तुरंत राहत कार्य शुरू कराया और अपने वाहन से सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुनस्यारी पहुंचाया। आगे पढ़िए..

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार के बाद चार घायलों को हायर सेंटर रेफर किया गया है। डॉक्टरों के अनुसार दो लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है और उनका इलाज जारी है। प्रशासन भी घायलों की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।

सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

जिस स्थान पर टैक्सी दुर्घटनाग्रस्त हुई, वहां सड़क किनारे पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं थे। स्थानीय लोगों के अनुसार मौके पर न तो क्रैश बैरियर लगे थे और न ही मजबूत पैरापिट बनाए गए थे। लोगों का कहना है कि हरकोट बैंड का यह मोड़ पहले से ही बेहद खतरनाक माना जाता है और यहां पहले भी हादसों का खतरा बना रहता है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि यदि सड़क किनारे सुरक्षा बैरियर या मजबूत पैरापिट लगाए गए होते, तो अनियंत्रित होने के बाद वाहन खाई में गिरने की बजाय सड़क पर ही रुक सकता था। हादसे के बाद क्षेत्र में सड़क सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है।