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केदार हिमालय के ऐसे ट्रेक जहां रास्ता खुद आपको चुनता है
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: हाल ही में उत्तराखंड में सरकारी कर्मचारी हड़ताल पर गए थे तो सूबे की त्रिवेंद्र सरकार ने एक सख्त फैसला लिया था। उत्तराखंड अब हड़ताली प्रदेश ना बने, इसके लिए ऐलान किया गया कि जो भी सरकारी कर्मचारी हड़ताल पर जाएगा उसके लिए ‘नो वर्क नो पे’ का फॉर्मूला लागू होगा। यानी जिस दिन हड़ताल होगी, उस दिन का वेतन नहीं मिलेगा। अब इसी तर्ज पर उत्तर प्रदेश की योगी सरकार दो कदम आगे बढ़ी है। दरअसल यूपी के 20 लाख से ज्यादा कर्मचारी वर्तमान पेंशन योजना के रोलबैक की मांग को लेकर सात दिनों की हड़ताल पर जाने वाले थे। शिक्षकों, इंजीनियरों, तहसीलदारों और परिवहन विभाग के सदस्यों के हड़ताल में भाग लेने की उम्मीद थी। इससे पहले ही सीएम योगी आदित्यनाथ ने हाहाकारी ऐलान कर दिया। योगी सरकार ने राज्य में आवश्यक सेवा अनुरक्षण अधिनियम यानी ESMA लागू कर दिया।